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Bengal: अभिषेक बनर्जी बोले-असम के CM ने कहा BJP राज्यों के विभाजन के खिलाफ, लोगों को बेवकूफ बना रहे उनके नेता

Sat, 11 Feb 2023 09:07 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, कोलकाता

सार

अभिषेक बनर्जी ने कहा, असम के मुख्यमंत्री दावा करते हैं कि वे कभी भी किसी राज्य को विभाजित नहीं करेंगे, वहीं पश्चिम बंगाल में भाजपा नेता अलग राज्य बनाने के संदेश जारी करते रहते हैं। ये लोग आपको बेवकूफ बना रहे हैं।
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अभिषेक बनर्जी - फोटो : फेसबुक/अभिषेक बनर्जी ऑफिशियल
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विस्तार
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तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) के वरिष्ठ सांसद अभिषेक बनर्जी ने शनिवार को दावा किया कि राज्य के भाजपा नेता अलग राज्य की मांग उठाकर उत्तर बंगाल के लोगों को बेवकूफ बना रहे हैं। बनर्जी ने असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा के उस बयान का हवाला देते हुए यह बात कही जिसमें उन्होंने कहा था कि उनकी पार्टी राज्यों के विभाजन के खिलाफ है।

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कूचबिहार के माथाभांगा में एक रैली को संबोधित करते हुए बनर्जी ने कहा कि उनकी पार्टी कभी भी राज्य का विभाजन नहीं होने देगी। उन्होंने कहा, असम के मुख्यमंत्री दावा करते हैं कि वे कभी भी किसी राज्य को विभाजित नहीं करेंगे, वहीं पश्चिम बंगाल में भाजपा नेता अलग राज्य बनाने के संदेश जारी करते रहते हैं। ये लोग आपको बेवकूफ बना रहे हैं।

बनर्जी मंगलवार को त्रिपुरा के सिपाहीजाला जिले में एक चुनावी रैली में सरमा के बयान का जिक्र कर रहे थे, जहां असम के मुख्यमंत्री ने कहा था कि भाजपा त्रिपुरा की क्षेत्रीय अखंडता के साथ समझौता नहीं करेगी, भले ही वह राज्य में अगली सरकार बनाने में विफल हो।
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उन्होंने कहा, भाजपा सामाजिक, सांस्कृतिक, राजनीतिक और भाषाई रूप से मूल निवासियों को सशक्त बनाने के लिए सब कुछ देने को तैयार है लेकिन वह त्रिपुरा के विभाजन के खिलाफ है। हम छोटे राज्य की क्षेत्रीय अखंडता के साथ समझौता नहीं करेंगे, भले ही पार्टी अगली सरकार बनाने में विफल रहती है।

अलीपुरद्वार के सांसद जॉन बारला, माटीगारा-नक्सलबाड़ी के विधायक आनंदमय बर्मन और डबग्राम-फूलबाड़ी से विधायक शिखा चटर्जी सहित उत्तर बंगाल के भाजपा नेताओं का एक वर्ग राज्य से अलग एक केंद्र शासित प्रदेश बनाने की मांग कर रहा है।  

उत्तर बंगाल के दार्जिलिंग सहित आठ जिले के साथ राज्य के लिए आर्थिक रूप से महत्वपूर्ण है, क्योंकि यह राजस्व पैदा करने वाले चाय, लकड़ी और पर्यटन उद्योगों का गढ़ है। हालांकि, इस क्षेत्र ने अस्सी के दशक के बाद से गोरखाओं, राजवंशी, कोच और कामतापुरियों जैसे जातीय समूहों के कई हिंसक राज्य आंदोलनों को देखा है। उनका आरोप है कि राज्य की सरकारों ने इस क्षेत्र की अपेक्षा की है। 

तृणमूल कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव बनर्जी ने आरोप लगाया कि भाजपा ने क्षेत्र के लिए कुछ नहीं किया है। उन्होंने लोगों से पंचायत चुनावों में उसे वोट नहीं देने का आग्रह किया। उन्होंने कहा, पार्टी के कुछ नेताओं की गलती के कारण जिले के लोगों ने 2019 और 2021 में टीएमसी से मुंह मोड़ लिया। अब उन गलतियों को सुधारने का समय आ गया है। सभी गलत कामों को ठीक किया जाएगा। उन्होंने पार्टी नेताओं से कहा, कल से हर घर का दौरा करें और लोगों की समस्याएं सुनें।

बनर्जी ने कहा कि आगामी पंचायत चुनावों में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी अकेले तय करेंगी कि किसे टिकट मिलेगा। उन्होंने कहा, पार्टी की नजर हर किसी पर है। हम जानते हैं कि आप कहां और किसके लिए काम कर रहे हैं। पार्टी जानती है कि जमीनी स्तर पर कार्यकर्ता और नेता क्या कर रहे हैं। उन्होंने कहा, हालांकि, जो नेता सोचते हैं कि वे अपने लिए काम करना जारी रख सकते हैं, वे गलत हैं, और उनके पास अभी भी अपने तरीके सुधरने का समय है, अन्यथा पार्टी में उनका कोई भविष्य नहीं होगा।

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