Assam: असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्व सरमा पहलगाम आतंकी हमले के बाद पाकिस्तान के पक्ष में बोलने वालों पर कड़ा एक्शन लेने वाले हैं। एक रैली में संबोधित करते हुए सीएम सरमा ने कहा वे ऐसे लोगों पर सख्त कार्रवाई करेंगे।
पहलगाम चुनाव के बाद से भारत में पाकिस्तान को लेकर कड़ा रुख अपनाया है। सरकार आतंकवाद समर्थक पाकिस्तान के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने की तैयारी में है। असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने शुक्रवार को कहा कि जम्मू-कश्मीर के पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद पाकिस्तान समर्थक नारे लगाने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। पहलगाम आतंकवादी हमले के बाद पाकिस्तान के बचाव के आरोप में असम में कम से कम 36 लोगों की गिरफ्तारी हुई है।
'भगवान दुनिया के हर आतंकवादी को मारने की शक्ति दें'
पंचायत चुनावों के रैली में संबोधित करते हुए सरमा ने लोगों से कहा कि लोग प्रार्थना करें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारतीय सेना को इतनी ताकत मिले की दुनिया में कहीं भी छिपे पाकिस्तानी आतंकवादियों को मारा सके। इसके साथ ही उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि पाकिस्तानी आतंकवादी आए और निर्दोष लोगों को मार डाला, लेकिन हममें से कुछ लोग पाकिस्तान जिंदाबाद कह रहे हैं। हमने उनमें से कई को गिरफ्तार किया है। अगर कोई पाकिस्तान जिंदाबाद का नारा लगाएगा तो हम उसके पैर तोड़ देंगे।
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पाकिस्तान जिंदाबाद बोलने वालो पर कड़ी कार्रवाई
उन्होंने यह भी कहा कि राज्य और देश को ऐसे लोगों की जरूरत नहीं है, जो यहां रहते हैं और यहां खाते हैं, लेकिन पाकिस्तान की तारीफ करते हैं। उन्होंने कहा कि मैंने पुलिस को निर्देश दिया है कि आप पाकिस्तान जिंदाबाद कहने वालों के चेहरे न देखें। उन्हें कानून के अनुसार गिरफ्तार करें और उनके पैर तोड़ दें। हमें अपने असम और भारत को मजबूत करना है।
कांग्रेस सरकार ने असम में सिर्फ भ्रष्टाचार किया
पंचायत चुनाव प्रचार के दौरान सरमा ने यह भी आरोप लगाया कि जब असम में कांग्रेस की सरकार थी, तब धुबरी में कोई सुरक्षा नहीं थी। उन्होंने कांग्रेस पर आरोप लगाया है कि भाजपा के आने के बाद से धुबरी में विकास का कार्य हुआ है। यहां के लोग अब खुद को सुरक्षित महसूस करते है। कांग्रेस सरकार कभी भी यहां के जनता का साथ नहीं दिया है। यहां तक की आंगनवाड़ी कार्यकर्ता की नौकरी के लिए कांग्रेस सरकार ने 2-3 लाख रिश्वत देना पड़ा है। हर भर्ती प्रक्रिया में भ्रष्टाचार था। असम में बिना बिचौलियों के कुछ भी नहीं हो सकता था।