एशियाई विकास बैंक ने मंगलवार को भारत सरकार के साथ नगालैंड से जुड़े एक अहम समझौते पर हस्ताक्षर किए। जिसके अनुसार, एशियाई विकास बैंक नगालैंड में जलवायु अनुकूल शहरी बुनियादी ढांचे को डिजाइन करने, संस्थागत क्षमता को मजबूत करने और नगरपालिका संसाधन जुटाने में सुधार के लिए 2 मिलियन अमरीकी डालर का ऋण प्रदान करेगा। भारत सरकार और एडीबी ने मंगलवार को 2 मिलियन अमरीकी डालर (15,21,13,800 रुपये) के प्रोजेक्ट रेडीनेस फाइनेंसिंग (पीआरएफ) ऋण पर हस्ताक्षर किए।
प्रस्तावित नगालैंड शहरी अवसंरचना विकास परियोजना के लिए भारत सरकार की ओर से वित्त मंत्रालय में अतिरिक्त सचिव रजत कुमार मिश्रा और एबीडी के इंडिया रेसिडेंट मिशन के भारत निदेशक ताकेओ कोनिशी ने एबीडी की तरफ से इस पीआएफ पर हस्ताक्षर किए। एबीडी ने एक बयान जारी करके इसकी जानकारी दी।
कोनिशी ने बताया कि एबीडी वित्तपोषित शहरी क्षेत्र की रणनीति तैयार करने, जलवायु परिवर्तन, बुनियादी सुविधाओं की कमी, खराब कनेक्टिविटी जैसी दीर्घकालिक चुनौतियों को लेकर राज्य की निर्माण एजेंसियों के साथ मिलकर आगामी जल्दी से जल्दी परियोजना बनाना सुनिश्चित करेगा।
पीआरएफ ऋण नगालैंड के 16 जिला मुख्यालय कस्बों में जल आपूर्ति, स्वच्छता, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन और शहरी सड़कों को डिजाइन करने में मदद करेगा, जिसमें जलवायु अनुकूल सुविधाओं और गरीब और कमजोर लोगों तक बेहतर पहुंच होगी।
एडीबी ने कहा कि राज्य एजेंसियों के क्षमता निर्माण से शहरी स्थानीय निकायों द्वारा स्वयं के संसाधन जुटाने में मदद मिलेगी, आगामी परियोजना को लागू करने और क्षेत्र और संस्थागत सुधार शुरू करने के लिए उनकी तैयारी में सुधार होगा।
गौरतलब है कि नागालैंड के कस्बे और शहर जलवायु परिवर्तन, बुनियादी सुविधाओं की कमी, खराब कनेक्टिविटी जैसी दीर्घकालिक चुनौतियों का सामना कर रहे हैं। शहरी क्षेत्रों के आसपास के प्रमुख परिवहन मार्ग मानसून के मौसम में भूस्खलन से बुरी तरह प्रभावित होते हैं। एडीबी ने कहा कि उचित तूफानी जल निकासी के बिना शहरी सड़कें खराब स्थिति में हैं।