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Supreme Court: 'कोई एक ईंट भी रखेगा, तो उसे गिरफ्तार करो', चांदनी चौक इलाके में अवैध निर्माण पर कोर्ट सख्त

Fri, 18 Jul 2025 06:58 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

Supreme Court: सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली के चांदनी चौक इलाके में अवैध निर्माण को लेकर एमसीडी और दिल्ली पुलिस को फटकार लगाई है। कोर्ट ने माना कि कई बिल्डर और एमसीडी के अधिकारी मिलीभगत कर रहे हैं। शीर्ष कोर्ट ने यह भी चेतावनी दी कि अगर वहां पर एक भी ईंट कोई रखे तो उसे तुरंत गिरफ्तार किया जाना चाहिए।  
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सुप्रीम कोर्ट - फोटो : एएनआई (फाइल)
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विस्तार
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सुप्रीम कोर्ट ने चांदनी चौक इलाके में अदालत के आदेश के बावजूद अवैध निर्माण को लेकर फटकार लगाई और दिल्ली पुलिस से कहा कि जो भी व्यक्ति वहां एक ईंट भी रखेगा, उसे गिरफ्तार किया जाए। जस्टिस सूर्यकांत और जस्टिस जयमाल्या बागची की बेंच ने आदेश दिया कि दिल्ली पुलिस आयुक्त क्षेत्र में एक नियमित गश्त करने वाला दल तैनात करें और जहां भी अवैध निर्माण हो, तुरंत कार्रवाई की जाए। 

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बेंच ने कहा, पुलिस आयुक्त क्षेत्र में गश्त के लिए एक दल तैनात करेंगे और यह सुनिश्चित करेंगे कि दिल्ली नगर निगम (एमसीडी) की ओर से पारित किए गए उन सभी तोड़फोड़ के आदेशों का सावधानीपूर्वक पालन किया जाए, जिन पर अदालतों ने कोई रोक नहीं लगाई है और जहां अवैध निर्माण हो रहे हैं, ऐसी संपत्तियों को तत्काल सील किया जाए। 

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बेंच ने निर्देश दिया कि स्थानीय डीसीपी अगली सुनवाई पर अनुपाल रिपोर्ट दाखिल करें। शीर्ष कोर्ट ने कहा कि किसी भी आवासीय संपत्ति को व्यावसायिक संपत्ति में नहीं बदला जाएगा और चेतावनी दी कि बिल्डर और नगर निगम के अधिकारियों की किसी भी मिलीभगत को गंभीरता से लिया जाएगा।

शीर्ष कोर्ट ने कहा, आप (पुलिस) हर दिन गश्त के लिए टीम तैनात करें और अगर कोई ईंट भी रखा हुआ पाया जाए, तो उसे तुरंत गिरफ्तार करें। यह नगर निगम के अधिकारियों की मिलीभगत से चल रहा एक बड़ा घोटाला है। इसे रोका जाना चाहिए। बेंच ने एक आवासीय संपत्ति के भूतल पर रहने वाली बुजुर्ग महिला के मामले का हवाला दिया और कहा कि उसी संपत्ति की दूसरी मंजिल को बिल्डर ने अवैध रूप से व्यावसायिक स्थान में बदल दिया।

शीर्ष कोर्ट ने दिल्ली नगर निगम की ओर से पेश वकील से कहा, 2022 से बिल्डर ने इस संपत्ति पर निर्माण कार्य शुरू किया। भूतल पर रहने वाली वृद्ध महिला निर्माण कार्य रोकने के लिए दर-दर भटकती रही। आप कुछ नहीं करते। जब हम आदेश देते हैं, तो आप जाकर सब कुछ तोड़ देते हैं। आप इतने समय से कहां थे। बेंच ने अधिकारियों से बिल्डर का विवरण देने को कहा और कहा कि उसके खिलाफ उचित दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी।  

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सुप्रीम कोर्ट ने यह भी माना कि कई बिल्डर और नगर निगम के अधिकारी आपस में मिलीभगत कर रहे हैं। जो भी एक ईंट रखता मिलेगा, उसे वहां से गिरफ्तार किया जाए, इस पूरी धोखाधड़ी को रोकना जरूरी है। कोर्ट ने क्षेत्र के डीएसपी को अगली सुनवाई पर अनुपालन रिपोर्ट पेश करने का भी निर्देश दिया। 

एक वृद्ध महिला ने सुप्रीम कोर्ट में शिकायत की थी कि उनके घर के ऊपर दूसरी मंजिल पर बिल्डर ने अवैध निर्माण कार्य शुरू कर दिया।  कोर्ट ने कहा कि महिला वर्षों से शिकायतकर रही थी, लेकिन अधिकारी चुप बैठे रहे। जब हमने आदेश दिया तो आप पहुंचे, पहले कहां थे? कोर्ट ने बिल्डर की पहचान करके उसके खिलाफ कार्रवाई का भी आदेश दिया। 

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