मंदिरों और मस्जिदों में लाउड स्पीकर पर बजने वाले धार्मिक संगीत पर आपत्ति जताई है। उन्होंने ट्वीट कर कहा था कि वह मुस्लिम नहीं हैं फिर भी उन्हें रोजाना अजान की आवाज सुनकर उठना पड़ता है जिसकी वजह से उनकी नींद में खलल पड़ता है। उन्होंने कहा कि भारत में जबरदस्ती की धार्मिकता का अंत होना चाहिए। वह यही नहीं रूके उन्हों मंदिरों और गुरुद्वारों में भी लाउडस्पीकर के इस्तेमाल को गलत बताया।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने ऑनलाइन पोल में अपने पाठकों से सवाल पूछा था 'क्या आप मानते हैं कि सेलीब्रेटी चर्चाओं में आने के लिए इस तरह के बयान देते हैं?'
पोल के जवाब में हमें कुल 9530 वोट मिले। इनमें 60.29% (5746) लोगों ने हां में जवाब दिया, जबकि 36.51% (3479) लोगों ने कहा कि सेलीब्रेटी चर्चाओं में आने के लिए इस तरह के बयान नहीं देते। 3.2% (305) पाठकों ने इस मुद्दे पर कोई राय जाहिर नहीं की।