चंडीगढ़ में आयोजित हो रहे अमर उजाला संवाद कार्यक्रम के दौरान पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान से राहुल गांधी की संसद सदस्यता बहाल होने पर सवाल किया गया तो इस पर सीएम मान ने भाजपा सरकार को निशाने पर ले लिया। सीएम भगवंत मान ने कहा कि 'अगर हर बात के लिए हमें सुप्रीम कोर्ट जाना पड़ रहा है तो लोकतंत्र कहां है फिर?'
'ग्रामीण विकास का पैसा लेने के लिए भी हम सुप्रीम कोर्ट गए'
सीएम भगवंत मान ने कहा कि 'क्रिकेट के मैच में डीआरएस आ गया है। फिर डीआरएस यानी सुप्रीम कोर्ट बताता है कि फैसला गलत हो गया। जीएसटी और आरडीएफ का पैसा हमारा पैसा है और उसे ही लेने के लिए हमें सुप्रीम कोर्ट जाना पड़ रहा है। केंद्र सरकार हमारा ही पैसा हमें वापस नहीं करती है। ग्रामीण विकास का पैसा लेने के लिए भी हम सुप्रीम कोर्ट गए हैं। मैं राहुल गांधी को बधाई दूंगा कि उनकी संसद सदस्यता फिर से बहाल हो गई है।' राज्यसभा से आप सांसद संजय सिंह को निलंबित किए जाने पर सीएम भगवंत मान ने कहा कि 'संजय सिंह जी को सस्पेंड कर दिया। पांच मिनट नहीं लगाते।'
'2014 से पहले पूरी भाजपा संसद के वेल में थी'
मुख्यमंत्री ने कहा कि '2014 में सत्ता में आने से पहले छह महीने तक पूरी भाजपा संसद के वेल में थी। हम कहते हैं कि वेल में मत आओ। लोकसभा में कैसे बिल पास होता है? ध्वनि मत से बिल पास हो जाते हैं।' सीएम मान ने आरोप लगाया कि दिल्ली का चपरासी भी बदलना हो तो प्रधानमंत्री से परमिशन लेनी होगी। यह सुप्रीम कोर्ट का भी फैसला नहीं मानते हैं। मान ने कहा कि अगर पंजाब नंबर वन बना तो देश नंबर वन बन जाएगा। पंजाब शांत रहेगा तो देश शांत रहेगा। सीएम ने कहा कि पंजाब का माहौल बहुत अच्छा है।