मोदी सरकार अपने करीब साढ़े चार साल के कार्यकाल में पहली बार शुक्रवार को संसद में अग्नि परीक्षा से गुजरेगी। बुधवार को लोकसभा स्पीकर सुमित्रा महाजन ने सरकार के खिलाफ विपक्ष के द्वारा पेश अविश्वास प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया। प्रस्ताव पर शुक्रवार को चर्चा होगी। चूंकि लोकसभा में संख्या बल की दृष्टि से मोदी सरकार आरामदायक स्थिति में है। ऐसे में इस प्रस्ताव से सरकार की स्थिरता पर कोई असर पड़ने वाला नहीं है।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने ऑनलाइन पोल में अपने पाठकों से सवाल पूछा था 'क्या इस जीत ने यह साबित कर दिया है कि विकास ही देश का सबसे बड़ा मुद्दा है?'
पोल के जवाब में हमें कुल 4,441 वोट मिले। इनमें 76.67 फीसदी (3,405 वोट) पाठकों ने माना कि केंद्र सरकार के खिलाफ लाया जाने वाला अविश्वास प्रस्ताव सफल नहीं हो पाएगा, जबकि 23.33 फीसदी (1,036 वोट) पाठकों ने कहा कि केंद्र सरकार के खिलाफ लाया जाने वाला अविश्वास प्रस्ताव सफल हो पाएगा।