यूपी के सीएम अखिलेश यादव को पार्टी का चुनाव चिन्ह 'साइकिल' मिलने के साथ ही पार्टी की रणनीति काफी हद तक साफ नजर आने लगी है। पार्टी यूपी के आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस, राष्ट्रीय लोकदल और जनता दल(यू) के साथ महागठबंधन की ओर बढ़ सकती है। अगर ऐसा होता है तो फायदा और नुकसान किसे होगा? यह सवाल बना हुआ है। चूंकि केंद्र की सत्ता में काबिज बीजेपी यूपी में भी सत्ता की प्रबल उम्मीदवार नजर आ रही है, इसलिए अमर उजाला ने इसी बाबत पाठकों से ऑनलाइन पोल के जरिए राय लेनी चाही। ऑनलाइन पोल में सवाल पूछा गया कि कांग्रेस-सपा गठबंधन से बीजेपी को नुकसान होगा?
कुल 11,216 पाठकों ने में से 50.39 फीसदी यानि 5,652 पाठकों ने माना कि कांग्रेस और सपा के गठबंधन से बीजेपी को नुकसान होगा।
47.41 फीसदी यानि 5,318 पाठकों का मानना है कि बीजेपी को गठबंधन से कोई फर्क नहीं पड़ेगा। वहीं 2.19 फीसदी यानि 246 पाठकों ने कहा कि वे इस बारे में कुछ भी नहीं कह सकते हैं।
मीडिया रिपोर्टों की मानें तो सपा ने बाकी दलों को 125 सीटों का ऑफर दिया है। कुछ और छोटे दलों को शामिल करके महागठबंधन का कुनबा बढ़ाया भी जा सकता है। इससे पहले पार्टी के महासचिव रामगोपाल यादव ने दलों को 100 सीटे देने की पेशकश की थी, लेकिन दबाव बढ़ने पर ये आकंड़ा 125 तक पहुंच गया।