जेडीयू और आरजेडी का गठबंधन टूटने के बाद से शरद यादव के सुर बागी हो गए हैं। बागी होने के बाद भी शरद यादव को जेडीयू के किसी भी विधायक और सांसद का साथ नहीं मिला है। वो फिलहाल पार्टी के अंदर पूरी तरह से अकेले पड़ गए हैं। हालांकि, यादव पूरे बिहार का दौरा कर रहे हैं।
वहीं, शनिवार को जेडीयू राज्यसभा में यादव को संसदीय दल के नेता पद से भी हटा दिया है। बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बिहार के सीएम नीतीश कुमार के पार्लियामेंट कॉम्पलेक्स में मुलाकात के बाद सीएम नीतीश कुमार ने कहा कि शरद यादव अपने फैसले लेने के लिए आजाद हैं। वहीं, शरद यादव पर बोलते हुए नीतीश ने कहा कि पार्टी ने जो फैसला किया है वह सभी की सहमति से किया है। गौरतलब है कि जदयू ने एक दिन पहले एक और बागी सांसद अली अनवर को संसदीय दल से निलंबित कर दिया था।
इस पर अमर उजाला डॉट.कॉम ने पोल कराया और पाठकों से सवाल पूछा कि 'क्या आपको लगता है कि बिहार के सीएम नीतीश कुमार और शरद यादव अब ज्यादा दिनों तक साथ नहीं रह पाएंगे?' इस सवाल के जवाब में पाठकों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया।
कुल 12,862 पाठकों ने पोल में हिस्सा लिया। पोल में सबसे अधिक 82.42 फीसदी यानि 10,601 पाठकों ने माना कि नीतीश कुमार और शरद यादव ज्यादा दिनों तक एक साथ नहीं रह पाएंगे। जबकि मात्र 12.76 फीसदी यानि 1,641 पाठक उपरोक्त सवाल से सहमत नहीं हुए। वहीं, 4.82 फीसदी यानि 620 पाठकों ने कह नहीं सकते विकल्प को चुना।