सीबीआई में उठापटक और इसकी छवि को हो रहे नुकसान को देखते हुए बड़ा फेरबदल किया गया है। केंद्र सरकार ने बड़ा फैसला लेते हुए राकेश अस्थाना, एके शर्मा, मनीष कुमार सिन्हा और जयंत जे नाइकरवरे का सीबीआई में कार्यकाल घटा दिया।
विशेष निदेशक अस्थाना के अलावा संयुक्त निदेशक अरुण कुमार शर्मा, डीआईजी मनीष कुमार सिन्हा, एसपी जयंत जे. नाइकनवरे का कार्यकाल छोटा किया गया है। इससे पहले सीबीआई के दोनों वरिष्ठ अफसरों आलोक वर्मा और राकेश अस्थाना के एक दूसरे पर गंभीर आरोप लगाने के बाद सरकार ने दोनों को जबरन छुट्टी पर भेज दिया था।
मामला सुप्रीम कोर्ट तक पहुंचा जिसने आलोक वर्मा को उनके पद पर बहाल कर दिया था, लेकिन एक दिन के बाद ही सेलेक्शन पैनल ने आलोक वर्मा को पद से हटाकर उनका ट्रांसफर फायर सर्विसेज विभाग में कर दिया। लेकिन उन्होंने नया पदभार लेने से इनकार करते हुए सेवा से इस्तीफा दे दिया था। उनके स्थान पर नागेश्वर राव को अंतरिम निदेशक बनाया गया।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने ऑनलाइन पोल में अपने पाठकों से सवाल पूछा था ' राकेश अस्थाना सहित 4 अधिकारियों का कार्यकाल घटाने से क्या सीबीआई की साख लौटेगी?
पोल के जवाब में हमें कुल 2985 वोट मिले। इनमें 44.72 फीसदी (1335 वोट) पाठकों ने माना कि राकेश अस्थाना सहित 4 अधिकारियों का कार्यकाल घटाने से सीबीआई की साख वापस लौट आएगी, जबकि 55.28 फीसदी (1650 वोट) पाठकों ने माना कि राकेश अस्थाना सहित 4 अधिकारियों का कार्यकाल घटाने से सीबीआई की साख नहीं लौटेगी।