पूर्व रक्षा मंत्री एके एंटनी ने भारतीय जनता पार्टी पर अगस्ता वेस्टलैंड वीवीआईपी हेलीकॉप्टर घोटाला मामले में गांधी परिवार के खिलाफ झूठ फैलाने का आरोप लगाया है।
एंटनी ने गुरुवार को मीडिया से बातचीत में कहा कि कांग्रेस ने ही अगस्ता वेस्टलैंड मामले की जांच शुरू करने का आदेश दिया था। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि गांधी परिवार का इस मामले से दूर तक कोई संबंध नहीं है। बता दें कि कांग्रेस की नई कार्य समिति में (सीडब्ल्यूसी) एंटनी को सदस्य के तौर पर जगह दी गई है।
एंटनी ने कहा, "अगस्ता वेस्टलैंड मामले में, हमने जांच का फैसला लिया। जांच हमारी पहल थी, इस मामले से गांधी परिवार का कोई लेना-देना नहीं है। यह भाजपा की ओर से फैलाया गया झूठा प्रचार है।"
उल्लेखनीय है कि इससे पहले बुधवार को ईडी ने दिल्ली अदालत में पूरक आरोप पत्र दाखिल कर एयर फोर्स के पूर्व प्रमुख एसपी त्यागी, उनके दो चचेरे भाईयों, वकील गौतम खेतान, दो इटैलियन दलाल और फिनमेक्कानिका को आरोपी बनाया है। बता दें कि पटियाला हाउस कोर्ट में विशेष न्यायाधीश अरविंद कुमार के समक्ष दायर आरोपपत्र 20 जुलाई को विचार के लिए लिया जाएगा।
आरोप पत्र में उन पर करीब 2.8 करोड़ यूरो की मनी लांड्रिंग का आरोप लगाया गया है। आरोप पत्र में ईडी ने कहा कि इन पैसों की कई विदेशी कंपनियों की मदद से लांड्रिंग की गई। अदालत 3,600 करोड़ रुपये के वीवीआईपी हेलीकॉप्टर सौदे से संबंधित मनी लांड्रिंग मामले की सुनवाई कर रही है।
1 जनवरी, 2014 को भारत ने फिनमेक्कानिका की ब्रिटिश सहायक कंपनी अगस्ता वेस्टलैंड के साथ अनुबंध को तोड़ दिया था। वह भारतीय वायुसेना को 12 एडब्ल्यू -101 वीवीआईपी हेलीकॉप्टरों की आपूर्ति करने वाला था। आरोप था कि कंपनी ने 423 करोड़ रुपये इस सौदे को हासिल करने के लिए आरोपियों को दिए थे।