एआईएमआईएम के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी।
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एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी गुरुवार को गुजरात पहुंचे। इस दौरान उन्होंने कहा कि गुजरात में होने वाले चुनाव की तैयारी को लेकर मैं राज्य के दौरे पर हूं। हमारी कोशिश है कि हम चुनाव अच्छे से लड़ें ताकि अपने विधायकों को जीत दिला सकें। चुनाव में जनता के मुद्दों को उठाना हमारी प्राथमिकता होगी।
अहमदाबाद में रामनवमी जुलूस के दौरान गुजरात में हुई हिंसा पर उन्होंने कहा कि अगर कहीं हिंसा हो जाए तो यह किसी के लिए भी सही नहीं है। अगर हिंसा भड़कती है, तो जिम्मेदारी राज्य सरकार पर है। पिछले 20-25 वर्षों की जांच आयोग की रिपोर्ट कहती है कि अगर राज्य सरकारें नहीं चाहती हैं, तो हिंसा नहीं फैलती। इसलिए मेरा मानना है कि यह राज्य सरकार की जिम्मेदारी है और वे कानून और व्यवस्था बनाए रखने में विफल रहे। हम चाहते हैं कि गिरफ्तारी की जाए और उचित जांच के साथ कार्रवाई की जाए।
उन्होंने कहा कि अगर आपके पास आईबी रिपोर्ट थी तो आप क्यों सो रहे थे? आपको इसका पर्दाफाश करना चाहिए था, वहां और पुलिस बल तैनात करना चाहिए था और हिंसा को रोकना चाहिए था। आप अपने संलिप्त व्यवहार को छिपाने के लिए शाम को कहानियां लाते हैं। ऐसी कहानियां अब पुरानी हैं।
उन्होंने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि आप कब तक पुरानी कहानियों को सामने लाते रहेंगे? अपनी असफलता को स्वीकार करें। आप स्वयं सहभागी हैं। भजन बजना चाहिए लेकिन किस तरह के नारे लगाए गए? 50-100 तलवारें लहराई गईं। यह पुलिस की मौजूदगी में किया गया। सरकार हिंसा चाहती थी और मिलीभगत है।
वहीं, ओवैसी ने कहा कि मैं मोहन भागवत साहब को बोलना चाहूंगा कि अखंड भारत की बातें मत बोला करो। चीन भारत के उस इलाके पर कब्जा कर के बैठा है, जहां भारतीय सेना पेट्रोलिंग भी नहीं कर पाती है उसकी बातें करो।