अमहमदाबाद में विमान हादसा।
- फोटो : पीटीआई
जानवर-पक्षी जो जद में आए सब जल गए
विस्फोट के बाद दुर्घटनाग्रस्त विमान के आसपास तापमान 1000 डिग्री सेल्सियस पहुंच जाने के कारण बचाव कार्य में काफी मुश्किलें आईं। अधिकारियों ने बृहस्पतिवार देर रात बताया कि घटनास्थल पर ताप इतना बढ़ गया कि यहां तक कि जानवरों और पक्षियों तक को भागने का मौका नहीं मिला और सभी जलकर खाक हो गए।
अहमदाबाद विमान हादसे के बाद घटनास्थल की तस्वीर
- फोटो : पीटीआई
आठ सालों में नहीं देखी ऐसी आपदा
राज्य आपदा मोचन बल के एक सदस्य ने कहा कि वह करीब आठ साल से आपदा की स्थिति को देख रहे हैं, लेकिन ऐसी आपदा कभी नहीं देखी। उन्होंने कहा, हम यहां पीपीई किट के साथ पहुंचे, लेकिन तापमान इतना ज्यादा था कि बचाव कार्य मुश्किल हो गया।
यह भी पढ़ें - Ahmedabad Plane Crash Photos: हादसे के बाद विचलित कर रहा मंजर, देखिए एअर इंडिया विमान हादसे की भयावह तस्वीरें
ऐसे हुआ हादसा
गुजरात के अहमदाबाद से लंदन जा रहा एअर इंडिया का विमान उडान भरते ही भयावह हादसे में कैश हो गया और डॉक्टरों के छोत्रावास व नर्सिंग स्टाफ के आवासीय परिसर से टकरा गया। हादसे में कुल 266 लोगों की मौत हो गई। विमान में चालक देख समेत कुल 242 लोग सवार थे, जिनमें से 241 लोगों की मौत हो गई। विमान से कूद जाने के कारण सिर्फ एक यात्री जिंदा बचा है। विमान में सवार गुजरात के पूर्व मुख्यमंत्री विजय रूपाणी की भी मौत हो गई। 1996 के बाद देश में यह दूसरा बडा विमान हादसा है। हादसे की जांच विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो करेगा।
एअर इंडिया की उड़ान संख्या एआई-171 बृहस्पतिवार को अहमदाबाद से लंदन गैटविक जा रही थी। विमान ने अहमदाबाद के रनवे-23 से 13:39 बजे उड़ान भरी थी। विमान में 169 भारतीय, 53 ब्रिटिश, एक कनाडाई और सात पुर्तगाली नागरिक सवार थे। विमान में दो पायलट एवं 10 केबिन क्रू थे। दो इंजन वाला यह विमान उड़ान भरने के कुछ मिनट बाद ही तेजी से नीचे की ओर आने लगा और सरदार वल्लभभाई पटेल अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट के पास मेघानीनगर के सिविल अस्पत्ताल और बीजे मेडिकल कॉलेज के पांच मंजिला छात्रावास पर गिर गया।
हादसे के वक्त विमान में था 1,26,907 लीटर ईंधन
हादसे के वक्त विमान में 1,26,907 लीटर ईंधन था। उड़ान के समय उसकी ऊंचाई 625 फीट थी। विमान क्रैश होते ही उसके ईंधन ने आग पकड़ ली। तेज धमाके से उसके परखच्चे उड़ गए, विमान ज्वालामुखी की तरह धधक उठा। घने काले धुएं का गुबार काफी दूर तक देखा गया। भयावहता का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि सड़कों पर शव बिखरे पड़े थे। ज्यादातर शव बुरी तरह से झुलस गए। उनकी पहचान भी नहीं हो पा रही है।
यह भी पढ़ें - Ahmedabad Plane Crash: अमेरिकी विशेषज्ञ का बड़ा दावा- विमान की उड़ान के लिए सही ढंग से नहीं हुई थी तैयारी