शिवसेना नेता आदित्य ठाकरे (Aditya Thackeray) ने शनिवार को दावा किया कि एकनाथ शिंदे (Eknath Shinde) के नेतृत्व वाली सरकार जल्द ही गिर जाएगी और महाराष्ट्र में मध्यावधि चुनाव होंगे।
'शिव संवाद यात्रा' अभियान के दौरान तीसरे दिन पार्टी कार्यकर्ताओं की एक सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने यह भी कहा कि शिवसेना (Shivsena) के बागी विधायकों ने उनके पिता, तत्कालनी मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे को धोखा दिया, जब वह अस्वस्थ थे।
पैठन शिवसेना विधायक और पूर्व मंत्री संदीपन भुमरे का विधानसभा क्षेत्र है, जो मुख्यमंत्री शिंदे के नेतृत्व वाले बागी शिवसेना गुट में शामिल हो गए हैं।
जल्द गिर जाएगी सरकार : आदित्य ठाकरे
पूर्व मंत्री आदित्य ठाकरे ने कहा, "मेरे शब्दों पर ध्यान दें..यह सरकार जल्द ही गिर जाएगी और महाराष्ट्र को मध्यावधि चुनाव का सामना करना पड़ेगा।"
आदित्य ठाकरे ने भूमरे के उस दावे को भी खारिज किया जिसमें कहा जा रहा था कि पिछले शिवसेना-राकांपा-कांग्रेस सरकार के नेतृत्व वाली सरकार में शिवसेना के मंत्रियों को धन नहीं मिला। उन्होंने कहा कि पैठन क्षेत्र को मराठवाड़ा जल-ग्रिड परियोजना के तहत पहली योजना मिली।
उन्होंने कहा, भूमरे को पांच बार विधानसभा का टिकट दिया गया था। इन लोगों के लिए जो कुछ किया है जब उसके बारे में सोचा तो मेरी आंखों से आंसू आ गए। लेकिन यह रोने का समय नहीं, यह लड़ने का समय है।
'दो लोगों द्वारा चलाई जा रही सरकार'
शिवसेना नेता ने कहा कि राज्य को पिछले एक पखवाड़े में बारिश का सामना करना पड़ा और कई लोगों की जान चली गई लेकिन सरकार केवल दो लोगों (एकनाथ शिंद और देवेंद्र फडणवीस) द्वारा चलाई जा रही है।
बागी विधायकों को बताया 'देशद्रोही'
उन्होंने उन चालीस बागी विधायकों को 'देशद्रोही' कहा जिन्होंने तब शिवसेना को विभाजित करने की साजिश रची थी जब उनके पिता अस्वस्थ थे और कोरोना वायरस महामारी के खिलाफ लड़ाई का नेतृत्व कर रहे थे।
शिवसेना विधायक की तारीफ की
बाद में आदित्य ठाकरे ने अहमदनगर जिले के नेवासा में एक रैली में कहा शिवसेना सहयोगी और विधायक शंकरराव गडख की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कहा कि अगर आपके दोस्त हैं, तो उन्हें गडख जैसा होना चाहिए। आपके अपने लोग आपको धोखा देते हैं और देशद्रोही बन जाते हैं।
उन्होंने आगे कहा, "गडख उद्धव जी के साथ रहने के अपने फैसले पर अडिग थे और सरकार गिरने के बाद भी अपनी प्रतिबद्धता पर कायम रहे।