नेपाल विमान हादसे में मारे गए भारतीय परिवार की पहचान हो गई है। सभी महाराष्ट्र के ठाणे के रहने वाले थे। जान गंवाने वालों में माता-पिता और उनके दो बच्चे शामिल थे। कपूरबावड़ी थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक उत्तम सोनवणे ने बताया कि वे दर्शन करने के लिए मुक्तिनाथ मंदिर जा रहे थे। चारों भारतीयों की पहचान अशोक कुमार त्रिपाठी, धनुष त्रिपाठी, रितिका त्रिपाठी और वैभवी त्रिपाठी के रूप में की गई है।
माउंट धौलागिरी से मुड़ने के बाद टूटा था संपर्क
मुख्य जिला अधिकारी नेत्र प्रसाद शर्मा ने समाचार एजेंसी एएनआई से बात करते हुए बताया कि विमान को मस्टैंग जिले में जोमसोम के आसमान के ऊपर देखा गया था और फिर माउंट धौलागिरी की ओर मोड़ दिया गया था, जिसके बाद इसका संपर्क टूट गया।
लामचे नदी के किनारे दुर्घटनाग्रस्त हुआ
स्थानीय लोगों द्वारा नेपाल सेना को दी गई जानकारी के अनुसार तारा एयर का यह विमान लामचे नदी के पास दुर्घटनाग्रस्त हुआ। सेना के प्रवक्ता नारायण सिलवाल ने कहा कि कल बर्फबारी के कारण रोके जाने के बाद तलाशी अभियान फिर से शुरू किया गया है। रविवार को मुस्तांग जिले में बर्फबारी होने के कारण विमान को तलाशने में जुटे सभी हेलिकॉप्टरों को वापस बुला लिया गया था।
पायलट कैप्टन के फोन को ट्रैक किया
खास बात यह है कि विमान की लोकेशन का पता विमान के पायलट के फोन को ट्रैक करके लगाया गया है। नेपाल टेलीकॉम ने ग्लोबल पोजिशनिंग सिस्टम (जीपीएस) नेटवर्क के जरिए पायलट कैप्टन प्रभाकर घिमिरे के फोन को ट्रैक किया था।
कुछ शवों की पहचान मुश्किल
नेपाल के पुलिस इंस्पेक्टर राज कुमार तमांग के नेतृत्व में एक टीम घटना स्थल पर पहुंच गई है। तमांग ने बताया कि कुछ शवों की पहचान मुश्किल है। नेपाली सेना ने सोमवार सुबह वह जगह ढूंढ निकाली, जहां यह विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ था। सेना के प्रवक्ता ने एक ट्वीट में कहा राहत और बचाव दल ने विमान के दुर्घटना स्थल का पता लगा लिया है।