अवैध शराब बनाने के गढ़ टपुआ और एटा में छापे
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एटा के अलीगंज जिले में जहरीली शराब से 44 मौतों के बाद प्रशासन ने पुलिस और पीएसी के साथ अवैध शराब माफिया के गढ़ गांव टपुआ में कार्रवाई की। भारी संख्या में पुलिस और पीएसी को देख गांव में भगदड़ मच गई। यहां से 11 लोगों को गिरफ्तार किया गया हैं, 28 के खिलाफ थाने पर रिपोर्ट दर्ज कराई गई है।
भारी मात्रा में मिथाइल एल्कोहल, देशी शराब, यूरिया, नौसादर बरामद किया गया। घरों और खेतों में बने भूमिगत टैंक, शराब की भट्ठियां और कच्ची शराब से भरे प्लास्टिक के ड्रमों को नष्ट कर दिया है। शहर में भी जीटी रोड स्थित सैनिक पड़ाव मैदान में डेरा डाले लोगों को पुलिस और पालिका अधिकारियों ने खदेड़ दिया व उनका सामान जब्त कर लिया। इस बस्ती में भी अवैध रूप से कच्ची शराब भी बनाकर बेचने का धंधा चल रहा था।
टपुआ पूर्व मंत्री अवध पाल सिंह यादव का गांव है। विरोध की आशंका के चलते बुधवार को सीडीओ राजेंद्र कुमार, एडीएम महेश चंद्र, आबकारी अधिकारी वीके शर्मा, जिले भर के थानों की पुलिस और पीएसी के साथ गांव टपुआ में पहुंचे। पुलिस को देख यहां भगदड़ मच गई, गांव में सिर्फ महिलाएं और बच्चे ही बचे थे।
एसएसपी अजय कुमार राय ने बताया कि मौके से 1200 लीटर अवैध शराब और 1000 लीटर मिथाइल अल्कोहल, 750 किग्रा यूरिया, भारी मात्रा में नौसादर बरामद हुआ है। तीन दर्जन से अधिक शराब से भरे टैंक नष्ट कर दिए। पुलिस ने करीब चार लाख लीटर लहन नष्ट करते हुए अधबनी शराब नष्ट की है। जिन 28 लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई, उनमें अधिकांश वे हैं, जिनके घरों और खेत में अवैध शराब के टैंकर और भट्टियां मिलीं हैं।