ऊना। पंचायतीराज मंत्री वीरेंद्र कंवर ने कोठी में 60.32 लाख से बनने वाले चेक डैम का भूमि पूजन किया। इस अवसर पर कंवर ने बताया कि चेक डैम में बारिश के पानी का संग्रहण किया जाएगा। इससे 10 हेक्टेयर क्षेत्र को सिंचाई के लिए पानी की सुविधा मिलेगी।
कंवर ने कहा कि चेक डैम बनने के बाद जायका चरण दो में सौर ऊर्जा से संचालित मोटर से खेतों तक पानी पहुंचाया जाएगा। कृषि विभाग सूक्ष्म सिंचाई योजना के तहत फव्वारे या ड्रिप सिस्टम से सिंचाई का प्रावधान करेगा। उन्होंने कहा कि जायका के दूसरे चरण में 1104 करोड़ रुपये का प्रोजेक्ट वित्त पोषित करने का प्रस्ताव रखा है। पहले चरण में जापान अंतरराष्ट्रीय सहयोग एजेंसी से वित्त पोषित 321 करोड़ रुपये मिले थे। इसे पांच जिलों बिलासपुर, हमीरपुर, कांगड़ा, मंडी और ऊना में लागू किया गया है। दूसरे चरण में जायका योजना को पूरे प्रदेश में लागू किया जाएगा।
कृषि मंत्री ने कहा कि जायका चरण दो में किसानों को फसलों के विविधिकरण तथा कैश कॉप की ओर प्रेरित करने का प्रयास किया जाएगा। इसके तहत किसानों को सब्जी एवं अनाज उगाने और कटाई के बाद की प्रबंधन तकनीक के बारे में प्रशिक्षण दिया जाएगा। साथ ही सिंचाई और खेतों तक सड़क सुविधाओं जैसी मूलभूत अधोसंरचना का विकास किया जाएगा। इस मौके पर पलाहटा पंचायत के प्रधान दीपांकर कंवर, उप-निदेशक कृषि डॉ. अतुल डोगरा, एसडीएससीओ अमित कुमार मोदगिल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित रहे।
अगले वर्ष तक आय दोगुना करने का लक्ष्य
कंवर ने कहा कि प्रदेश के साथ-साथ मोदी सरकार किसानों के सशक्तीकरण के लिए प्रयासरत है। केंद्र सरकार ने वर्ष 2022 तक किसानों की आय को दोगुना करने का लक्ष्य है। इस दिशा में कदम उठाए गए हैं। खेती के विविधिकरण के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने आत्मनिर्भर भारत का नारा दिया है। इसके लिए 20 लाख करोड़ के आर्थिक पैकेज की घोषणा हुई है। यह धनराशि बुनियादी सुविधाओं का ढांचा मजबूत करने पर खर्च होगी। कंवर ने कहा कि केंद्र सरकार ने पीएम किसान सम्मान निधि की आठवीं किस्त जारी कर दी है। इससे हिमाचल के 9 लाख से अधिक किसानों को 183.24 करोड़ रुपये का लाभ मिला है।