ऊना। विधानसभा क्षेत्र में पुलिस थाना भवनों के निर्माण को लेकर विधायक सतपाल सिंह सत्ती ने प्रदेश की कांग्रेस सरकार पर सवाल खड़े किए हैं। विधानसभा में पूछे गए तारांकित प्रश्न के सरकार के जवाब के आधार पर सत्ती ने कहा कि ऊना और मैहतपुर में पुलिस थाना भवनों के निर्माण के लिए भूमि का हस्तांतरण पूर्व भाजपा सरकार के कार्यकाल में ही कर दिया गया था। कांग्रेस सरकार के करीब चार साल के कार्यकाल में इन भवनों के निर्माण को गति नहीं मिल पाई है। उन्होंने कहा कि जब भूमि उपलब्ध है तो सरकार अब तक भवनों का निर्माण क्यों नहीं कर पाई, इसका जवाब सरकार को जनता को देना चाहिए।
सत्ती ने विधानसभा में पूछा कि ऊना विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत ऊना और मैहतपुर में पुरुष एवं महिला पुलिस थाना भवनों के निर्माण के लिए भूमि का चयन और हस्तांतरण कब किया गया तथा इन भवनों के निर्माण के लिए सरकार ने क्या कदम उठाए हैं। उन्होंने दोनों थाना भवनों के लिए स्वीकृत धनराशि और निर्माण कार्य की वर्तमान स्थिति का भी ब्योरा मांगा था।
सरकार के लिखित जवाब के अनुसार मैहतपुर पुलिस थाना भवन के निर्माण के लिए भूमि का हस्तांतरण 2 नवंबर 2021 को किया गया था। राज्य औद्योगिक विकास निगम द्वारा औद्योगिक क्षेत्र मैहतपुर में प्लॉट नंबर-4 की 1980 वर्ग मीटर भूमि हस्तांतरित की गई थी। यानी भूमि हस्तांतरण कांग्रेस सरकार के सत्ता में आने से पहले ही हो चुका था।
इसी तरह महिला पुलिस थाना ऊना के भवन निर्माण के लिए भी भूमि 16 मार्च 2022 को हस्तांतरित की गई थी। मुहाल अरियावाला स्थित खेवट नंबर 1444 मिन, खतौनी नंबर 2120 मिल और खसरा नंबर 226/1 की 0-38-60 हेक्टेयर भूमि भवन निर्माण के लिए उपलब्ध करवाई गई थी। महिला थाना भवन के निर्माण के लिए वित्तीय वर्ष 2021-22 में 665.60 लाख रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति भी प्रदान की गई थी। इसके बावजूद वर्तमान कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में दोनों भवनों का निर्माण अपेक्षित गति से आगे नहीं बढ़ पाया।