ऊना। बिजली के बढ़ते बिलों से राहत पाने और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अब शहरवासियों का रुझान सौर ऊर्जा की ओर बढ़ रहा है। इसी कड़ी में नगर निगम लोगों को घरों की छत पर सोलर प्लांट लगाने के लिए जागरूक करेगा। निगम की ओर से विभिन्न वार्डों में अभियान चलाकर प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना की जानकारी दी जाएगी। लोगों को योजना के तहत मिलने वाले सरकारी अनुदान और आवेदन प्रक्रिया के बारे में भी बताया जाएगा।
उपमंडल ऊना में अब तक करीब 460 लोग अपने घरों की छतों पर सौर ऊर्जा प्लांट स्थापित कर चुके हैं। शहर के साथ ग्रामीण क्षेत्रों में भी लोग योजना का लाभ लेने के लिए आगे आ रहे हैं। बिजली बोर्ड के अनुसार योजना के प्रति लोगों में लगातार जागरूकता बढ़ रही है। पहले सोलर प्लांट लगाने में होने वाले अधिक खर्च के कारण लोग रुचि नहीं दिखाते थे, लेकिन सरकारी अनुदान मिलने से अब लोगों की दिलचस्पी बढ़ी है। प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के तहत एक, दो और तीन किलोवाट तक के प्लांट लगाने की सुविधा है। जानकारी के अनुसार तीन किलोवाट तक के प्लांट पर 85,600 रुपये तक का अनुदान दिया जा रहा है। यह राशि सीधे लाभार्थी के खाते में भेजी जाती है। तीन किलोवाट का प्लांट लगाने में औसतन करीब 1.80 लाख रुपये खर्च आता है। आवेदन के बाद विभागीय स्वीकृति मिलने पर अधिकृत एजेंसी प्लांट स्थापित करती है। इसके बाद विभाग की ओर से निरीक्षण किया जाता है और प्रक्रिया पूरी होने पर अनुदान की राशि लाभार्थी के खाते में जारी की जाती है।
वार्ड स्तर पर समझाई जाएगी आवेदन प्रक्रिया
नगर निगम के जागरूकता अभियान में लोगों को योजना का लाभ लेने के लिए जरूरी प्रक्रिया की जानकारी दी जाएगी। निगम की ओर से वार्ड स्तर पर लोगों को बताया जाएगा कि बिजली की खपत के अनुसार कितनी क्षमता का प्लांट उनके लिए उपयुक्त रहेगा और अनुदान प्राप्त करने के लिए आवेदन कैसे किया जा सकता है।
नगर निगम क्षेत्र में घरों की छत पर सोलर प्लांट लगाने के लिए शहर वासियों को जागरूक करेगा। इसे लेकर अधिकारियों को दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं।
-पृथी पाल सिंह, आयुक्त नगर निगम ऊना।