1.30 करोड़ रुपये हैं स्वीकृत, 42 लाख खर्च किए जा चुके
46 मीटर लंबे पुल के लिए लोक निर्माण विभाग को शेष बचे बजट का इंतजार
संवाद न्यूज एजेंसी
नारी (ऊना)। स्तोथर और धुसाड़ा गांव के बीच खड्ड पर पुल का निर्माण कार्य बीते ढाई साल से लटका है। पूर्व सरकार के समय इस पुल को स्वीकृति मिली थी। इसके बाद पुल का कार्य शुरू भी हो गया। सरकार बदली और निर्माण कार्य वहीं रुक गया। क्षेत्र के सैकड़ों परिवार पुल का निर्माण कार्य पूरा होने का लंबे से इंतजार कर रहे हैं लेकिन उम्मीद की किरण नजर नहीं आ रही।
जानकारी के मुताबिक स्तोथर-धुसाड़ा पुल के लिए 1.30 करोड़ रुपये का आकलन बना था। इस 46 मीटर लंबे पुल के लिए पूर्व सरकार के दौरान चार पिलर का निर्माण हुआ। आठ माह का समय बीत चुका है, तब से कार्य बंद पड़ा है। इस पुल के बनने से नौकरी पेशा, विद्यार्थियों और स्थानीय लोगों को बरसात के दिनों में एक गांव से दूसरे गांव जाने के लिए आसानी होनी थी। इसके साथ ही पुल निर्मित होने पर छह गांवों की दूरी राष्ट्रीय राजमार्ग से आधी रह जाएगी।
ग्राम पंचायत प्रधान महेंद्र सिंह और उपप्रधान राकेश कुमार का कहना है कि यह खड्ड लोगों के लिए जी का जंजाल बन रही है। लोग खेतीबाड़ी और कृषि के सिलसिले में खड्ड के आर-पार जाते हैं। कई अन्य लोग नौकरी पेशा आदि को पलियां गांव से होते हुए जाना पड़ता है। इससे लोगों का समय और धन की बर्बादी होती है। यदि पुल बनकर तैयार हो जाए तो लगभग 15 से 20 हजार की आबादी को लाभ होगा। आसपास के गांवों के लोगों को ऊना और अंब की ओर से जाने के लिए दूरी घट जाएगी। लोक निर्माण विभाग के सहायक अभियंता भानु ओहरी का कहना है कि 1.30 करोड़ का बजट है। इसमें से 42 लाख खर्च हो चुका है। जैसे ही बजट का प्रावधान होगा, कार्य शुरू कर दिया जाएगा।