अंब (ऊना)। नगर पंचायत अंब के तहत आने वाले व्यावसायिक उपभोक्ताओं यानी दुकानदारों को इन दिनों भारी-भरकम पानी के बिलों का सामना करना पड़ रहा है। जल शक्ति विभाग द्वारा कई वर्षों के लंबित बिल एकमुश्त भेजने के कारण दुकानदारों को अचानक 10 से 15 हजार रुपये या इससे भी अधिक राशि का भुगतान करना पड़ रहा है।
एक साथ इतनी बड़ी रकम चुकाने से व्यापारियों की जेब पर भारी आर्थिक बोझ पड़ गया है, जिससे स्थानीय दुकानदारों में गहरा रोष है। व्यापारियों की परेशानी केवल यहीं खत्म नहीं हो रही है। विभागीय जानकारी के अनुसार, अभी जो भारी-भरकम बिल उपभोक्ताओं को थमाए गए हैं, वे केवल वर्ष 2024 तक की अवधि के हैं।
इसके बाद के वित्तीय वर्ष 2025-26 के बिल अभी विभाग की ओर से जारी किए जाने बाकी हैं। ऐसे में जो दुकानदार पहले ही 10 से 15 हजार रुपये के बिल का भुगतान कर चुके हैं या जिनका इतना बिल अभी बकाया है, उन्हें आने वाले समय में 2024 के बाद का नया बिल भी भरना पड़ेगा। बिना मीटर वाले कनेक्शनों पर तय 348 रुपये प्रतिमाह की दर के हिसाब से दुकानदारों पर आगामी दो वर्षों का लगभग आठ हजार रुपये से अधिक का अतिरिक्त बोझ पड़ना तय है।
स्थानीय उपभोक्ताओं और दुकानदारों का कहना है कि विभाग को हर महीने नियमित रूप से बिल जारी करने चाहिए थे, ताकि उन पर एकमुश्त आर्थिक दबाव न पड़ता।
कई सालों के बिल एक साथ भेज देने से आम दुकानदार के लिए इतनी बड़ी रकम चुकाना बेहद मुश्किल हो गया है। दुकानदारों ने यह भी मांग उठाई है कि पानी का बिल खपत के आधार पर ही लिया जाना चाहिए।
अंब शहरी क्षेत्र में लगभग 60 व्यावसायिक पानी के कनेक्शन हैं। विभाग के मुताबिक वर्ष 2024 तक इन सभी कनेक्शनों से लगभग 5 से 6 लाख रुपये की राजस्व वसूली लंबित थी, जिसमें से अधिकतर उपभोक्ताओं ने अपने बिलों का भुगतान कर दिया है। जिन कनेक्शनों पर अभी तक पानी के मीटर नहीं लगे हैं, उनसे विभाग 348 रुपये प्रतिमाह के तय शुल्क के हिसाब से बिल वसूलता है।
जल शक्ति विभाग के एसडीओ नीरज कुमार ने बताया कि शहरी क्षेत्र में करीब 60 व्यावसायिक कनेक्शन हैं। जिन उपभोक्ताओं ने समय-समय पर अपने बिल जमा करवाए थे, उनके बिल कम आए हैं। विभाग की तरफ से नियमानुसार ही उपभोक्ताओं को लंबित पानी के बिल भेजे हैं।