गगरेट (ऊना)। रबी की फसलों की बिजाई के सीजन में गगरेट के बीज वितरण केंद्रों में हफ्ते में मात्र दो दिन की किसानों की बीज उपलब्ध हो सकेंगे। हफ्ते में यह केंद्र दो दिन ही खुलेंगे। इस दौरान किसान फसलों के बीज खरीद सकते हैं। कृषि प्रसार अधिकारियों की कमी से जूझ रहे विभाग ने नई व्यवस्था की है।
कृषि खंड गगरेट, कृषि प्रसार अधिकारियों की भारी कमी से जूझ रहा है। यहां प्रसार अधिकारियों के छह पद स्वीकृत हैं, लेकिन महज एक ही अधिकारी सेवाएं दे रही है। अधिकारियों की कमी के कारण तीन बीज वितरण केंद्रों पर ताले लटके हुए हैं। वहीं, जिन तीन बीज वितरण केंद्रों से किसानों को रबी की फसलों के लिए बीज वितरित किए जाएंगे, वे भी अब महज दो-दो दिन ही खुलेंगे।
कर्मचारियों की कमी के कारण यह व्यवस्था की गई है। रबी की फसलों के तौर पर क्षेत्र के किसान गेहूं, सरसों, मटर आदि फसलों की खेती करते हैं। इन फसलों की बिजाई के लिए अधिकांश किसान बीज के लिए कृषि विभाग पर ही निर्भर हैं। यहां सैकड़ों टन गेहूं का बीज ही हर साल कृषि विभाग बेचता है। मगर इस बार कृषि विभाग के बीज वितरण केंद्रों पर मारामारी देखने को मिल सकती है।
कृषि विभाग के विषयवाद विशेषज्ञ डॉ. नवदीप कौंडल का कहना है कि मौजूदा समय में एक ही कृषि प्रसार अधिकारी है। इस कारण बीज वितरण केंद्र गगरेट में सोमवार और मंगलवार, दौलतपुर चौक में बुधवार और वीरवार तथा भंजाल में शुक्रवार और शनिवार को खुलेंगे। इस दौरान किसानों को रबी की फसलों के बीज सुबह 10 से लेकर सायं चार बजे तक वितरित किए जाएंगे।