बंगाणा (ऊना)। सितंबर माह में पहले सप्ताह के बाद सोमवार को स्कूल फिर से खुल गए। क्षतिग्रस्त रास्तों के बीच बच्चे हंसते हुए पीठ पर बैग उठाए स्कूल पहुंचे। इस दौरान बच्चों के अभिभावक भी खुश दिखे।
बारिश और भूस्खलन से हुए नुकसान के बाद अभिभावक भी खुद बच्चों को स्कूल छोड़ते नजर आए।
बंगाणा में बच्चों को छोड़ने जा रहे रामदीप और कमल ने बताया कि बारिश के दौरान स्कूल बंद होने से बच्चों की पढ़ाई बाधित हो रही थी।
ऑनलाइन कक्षाएं सही हैं लेकिन कई छात्र कभी नेटवर्क तो कभी रिचार्ज न होने का बहाना बनाकर दूसरे बच्चों की पढ़ाई भी बाधित कर रहे थे।
उधर, बगाणा और आसपास के क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में छात्र स्कूल पहुंचे और बारिश के दौरान हुए नुकसान को लेकर आपस में चर्चा करते नजर आए।
खरयालता निवासी रीना शर्मा ने कहा कि ऑनलाइन पढ़ाई में कुछ बच्चे कम ध्यान देते हैं। किसी ने पहले से ही बहाना बनाया होता है तो किसी के घर में मजबूरी होती है। अगर घर में तीन बच्चे हैं तो एक साथ तीनों की ऑनलाइन पढ़ाई सफल नहीं हो पाती है।