संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। बरसात के चलते नदी-नाले उफान पर हैं, जबकि स्वां नदी के किनारे प्रवासी मजदूर बेखौफ होकर रह रहे हैं। कभी भी तेज बहाव की चपेट में झुग्गियां आ सकती हैं और कहर बरप सकता है। जिले में मुख्य तौर पर स्वां नदी के किनारे झुग्गियां बसी हुई हैं, लेकिन इन्हें दूसरी जगह शिफ्ट करने को लेकर अभी तक कुछ नहीं हो पाया है।
बरसात की दस्तक के बावजूद नदी-नालों के किनारों पर बेखौफ प्रवासी मजदूर डटे हुए हैं। गर्मी और उमस के बीच प्रवासी मजदूरों के बच्चे दोपहर के समय स्वां में अठखेलियां करते हुए भी देखे जा रहे हैं। स्वां नदी के किनारे रहते हुए प्रवासी मजदूर खेती से भी कमाई करते हैं। यह खेती बारिश के बाद बढ़े जलस्तर की चपेट में पहले ही आ चुकी है। खेती तबाह होने के बाद अब खतरा झुग्गियों पर मंडरा रहा है।
हालांकि अभी स्वां नदी का जल स्तर उतना नहीं बढ़ा है, लेकिन इन दिनों कभी भी नदी में उफान आने की आशंका रहती है। स्वां के किनारे बनी झुग्गियों में हजारों की संख्या में प्रवासी मजदूर रहते हैं। बता दें कि पूर्व में भी कई बार झुग्गियां स्वां नदी की चपेट में आ चुकी हैं। इसके बावजूद प्रवासी मजदूर खुद भी मौके से नहीं हट रहे हैं। ऐसा लगा रहा है मानो यहां किसी भी बड़े हादसे का इंतजार किया जा रहा हो।
एसडीएम को दिए निर्देश
स्वां नदी किनारे बसी झुग्गी-झोपड़ियों में रह रहे लोगों को हटाने के लिए सभी एसडीएम को निर्देश दिए गए हैं। जल्द इन्हें हटा लिया जाएगा। बरसात के दौरान सभी नदी-नालों से उचित दूरी रखें।
-राघव शर्मा, उपायुक्त, ऊना।