शाम के समय बस सुविधा न होने से यात्री हो रहे परेशान
रूट होने के बावजूद बस संचालक नहीं चला रहे बसें
संवाद न्यूज एजेंसी
दौलतपुर चौक (ऊना)। दौलतपुर चौक से वाया भद्रकाली, सुंकाली, अमलैहड़, अभयपुर, भंजाल रूट पर शाम के समय कोई बस न चलने से जनता में भारी रोष है। दौलतपुर चौक में एक सरकारी काॅलेज, दो सरकारी स्कूल, एक अस्पताल, तीन सरकारी एवं दो गैर सरकारी बैंक हैं। जहां रोजाना सैकड़ों लोग अपने कामों के लिए आते हैं। आलम यह है कि शाम 4:30 बजे के बाद कोई बस इन क्षेत्रों के लिए नहीं है। गगरेट विधानसभा क्षेत्र के एकमात्र सरकारी काॅलेज में शाम पांच बजे खत्म होने वाले पेपर के बाद छात्रों को घर जाने के लिए जद्दोजहद करनी पड़ती है। उन्हें निजी वाहनों के सहारे अपने घर तक पहुंचना पड़ता है। कुछ ऐसी ही स्थिति रोजमर्रा के कामों को लेकर दौलतपुर चौक आने वाले लोगों की भी है। जिन्हें शाम को बस के लिए भटकना पड़ता है। वहीं, उद्योगों में काम करने वालों, दुकानों सहित विभिन्न जगह पर काम करने वालों के लिए शाम को 4:30 बजे के बाद कोई बस न चलना बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण है। जहां जनता को रोजाना आने जाने के लिए निजी वाहनों अथवा ऑटो का सहारा लेना पड़ रहा है। इससे आर्थिक बोझ बढ़ता है। दौलतपुर चौक से सांयकाल में निजी बसों के कई रूट हैं परंतु बस ऑपरेटरों की मनमर्जी के सामने प्रशासन मौन है। स्थानीय लोगों में रजत, रमन, सिया, अजय आदि ने प्रशासन से मांग करते हुए कहा कि जल्द से जल्द सायंकाल में बस चलाई जाए और जनता को इस समस्या से निजात दिलाई जाए। शाम 4:30 के बाद बसों के लगभग पांच रूट हैं परंतु कोई भी रूट पर बस नहीं चल रही हैं। प्रशासन इससे पूरी तरह बेखबर है। स्कूल और काॅलेज आने वाले छात्रों के साथ सांयकाल में ट्यूशन पढ़ने वाले छात्रों के लिए भी यह एक गंभीर समस्या है। रोजाना अपने वाहन से आएं तो खर्च बढ़ जाता है और अभिभावकों की भी चिंता बढ़ी रहती है। सर्दियों में तो यह समस्या और बढ़ जाती है कि सांयकाल होते ही अंधेरा छा जाता है।
कोट्स
आरटीओ ऊना अशोक कुमार ने बताया कि मामला मीडिया के माध्यम से ध्यान में आया है। निजी बस ऑपरेटरों को बसें जल्द शुरू करने के आदेश दिए जाएंगे ताकि लोगों को बस सुविधा मिल सके।