शिक्षा विभाग कमरों की कर रहा तलाश, कमेटी ने किया निरीक्षण
फिलहाल पहली से 5वीं तक कक्षाएं चलाने पर विचार
संवाद न्यूज एजेंसी
बिलासपुर। कोठीपुरा में केंद्रीय विद्यालय की अस्थायी कक्षाएं लगाने की कवायद शुरू हो गई है। इसके लिए शिक्षा विभाग कमरों की तलाश कर रहा है। केंद्रीय विद्यालय की समिति और शिक्षा अधिकारियों ने हाल ही में एम्स के पास निरीक्षण किया। फिलहाल स्कूल में पहली से 5वीं तक की कक्षाएं लगाने का विचार किया गया है।
राजपुरा में केंद्रीय विद्यालय को खोलने कवायद लंबे अरसे से चल रही है। पर्याप्त जमीन न मिल पाने के कारण मामला ठंडे बस्ते में था। इससे पहले बिलासपुर के लुहणू कनैता में दिल्ली से आई टीम ने जमीन देखी। इसे विद्यालय की लिए उपयुक्त नहीं पाया।
शिक्षा विभाग और प्रशासन ने केंद्रीय विद्यालय अस्थायी तौर पर शुरू कराने के लिए कोशिश की, लेकिन इसमें केंद्रीय विद्यालय के नाम जमीन स्थानांतरित होने की शर्त आड़े आ गई। जिला प्रशासन और शिक्षा विभाग ने एम्स के पास ही राजपुरा में केंद्रीय विद्यालय के लिए 28 बीघा भूमि चिह्नित की है। केंद्रीय विद्यालय के नाम जमीन स्थानांतरित करने को लेकर दो साल पहले प्रक्रिया शुरू हुई थी।
केंद्रीय विद्यालय की टीम ने बिलासपुर आकर जमीन का निरीक्षण भी किया। लेकिन आज तक कोठीपुरा की जमीन स्कूल के नाम स्थानांतरित नहीं हुई है। भूमि को अभी तक वन विभाग की मंजूरी नहीं मिल पाई है। वहीं कोठीपुरा में अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान खुलने से अब केंद्रीय विद्यालय की आवश्यकता महसूस की जा रही है। बड़े संस्थान के स्टाफ के बच्चों के लिए अच्छी शिक्षा मुहैया कराने के लिए जिला प्रशासन फिर हरकत में आ गया है।
शिक्षा विभाग की ओर से केंद्रीय विद्यालय की पहली से 5वीं तक अगले शैक्षणिक सत्र से लगाने की कोशिश की जा रही है। इसको लेकर अधिकारियों और केवी समिति ने हाल ही में कोठीपुरा में कमरों की तलाश के लिए निरीक्षण किया। उन्होंने एम्स प्रबंधन से बातचीत की। एम्स प्रबंधन ने उन्हें आश्वासन दिया कि जैसे ही कमरों की सुविधा मिल जाएगी वह उन्हें सूचित कर देंगे। इसके साथ ही प्रशासन की ओर से एक बार फिर केंद्रीय विद्यालय को मंजूरी के लिए फाइल भेज दी गई है।
15 कमरों की कर रहे तलाश
केंद्रीय विद्यालय की पहली से 5वीं कक्षा तक की कक्षाएं अगले शैक्षणिक सत्र में लगाने की कोशिश की जा रही है। इसके तहत 15 कमरों की तलाश की जा रही है। हाल ही में एम्स के पास विभागीय अधिकारियों ने निरीक्षण किया है। जैसे ही कमरे मिलेंगे वैसे ही कक्षाएं शुरू करने की प्रक्रिया शुरू कर दी जाएगी।
जोगिंदर सिंह राव, उच्च शिक्षा उपनिदेशक बिलासपुर।