शहर के वार्ड सात में स्वच्छ पेयजल आपूर्ति न होने से लोगों मेें रोष है। वार्ड में पिछले एक सप्ताह से नलों में मटमैले पानी की सप्लाई की जा रही है। लोगों ने आईपीएच विभाग को इस समस्या के बारे में कई बार सूचित किया, लेकिन समस्या का कोई समाधान नहीं किया जा रहा है। इसके चलते अब गुस्साए लोगों ने आईपीएच विभाग के खिलाफ उग्र आंदोलन की चेतावनी दे डाली है। स्थानीय राजेश कुमार, रमेश वर्मा, विशाल ठाकुर, जतिंद्र पुरी, मदन लाल, सोहन पुरी, राजेश, रोहित सहित अन्य लोगों ने बताया कि आईपीएच विभाग उनके वार्ड में स्वच्छ पेयजल सप्लाई पहुंचाने में नाकाम साबित हुआ है। एक ओर नलों में पानी की कमी है और जब पानी आता है तो मटमैला होने के कारण उनको भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। स्वच्छ पेयजल के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है।
विभाग को कई बार समस्या से अवगत करवाने के बावजूद विभाग के कानों में जूं तक नही रेंग रही। लोगों ने आईपीएच विभाग की कार्यप्रणाली पर सवालिया निशान खड़ा करते हुए कहा कि क्या विभाग स्वयं ही लोगों को बीमारियों की चपेट में लाने में प्रयासरत है? उन्होंने कहा कि प्रदेश में पीलिया लोगों की जानेें तक लील चुका है। स्थानीय लोगों ने आईपीएच विभाग को चेतावनी दी है कि यदि इस बाबत शीघ्र कोई हल नहीं किया गया तो विभाग के खिलाफ मोर्चा खोलने को मजबूर हो जाएंगे, जिसकी जिम्मेदारी विभाग की होगी। उधर, आईपीएच विभाग के अधिशासी अभियंता मुकेश हीरा ने कहा कि समस्या के बारे में उन्हें सूचना मिली है। जल्द इस पर उचित विभागीय कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।