डीसी बोले, आस्था, संस्कृति और पर्यटन का संगम बनेगा आयोजन
जिला प्रशासन महोत्सव की तैयारियों में जुटा, सभी विभागों की टीमें गठित
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन को नई ऊंचाइयों तक ले जाने वाला माता चिंतपूर्णी महोत्सव इस वर्ष 14 से 16 नवंबर तक श्रद्धा और उल्लास के साथ आयोजित किया जाएगा। यह जानकारी उपायुक्त ऊना जतिन लाल ने दी। पिछले वर्ष 26 से 28 सितंबर तक अंब मैदान में महोत्सव का प्रथम संस्करण आयोजित किया गया था, जो अत्यंत सफल रहा। इस आयोजन ने न केवल श्रद्धालुओं और पर्यटकों का मन मोहा, बल्कि इसे प्रदेश के धार्मिक और सांस्कृतिक कैलेंडर में एक विशिष्ट पहचान भी दिलाई। महोत्सव ने आस्था और लोक-संस्कृति के समन्वय से एक प्रेरणादायक सांस्कृतिक पहल के रूप में अपनी छाप छोड़ी।
उपायुक्त जतिन लाल ने बताया कि माता चिंतपूर्णी महोत्सव आस्था, संस्कृति और समृद्धि का अद्वितीय संगम बनकर उभरा है। इस दौरान आयोजित सांस्कृतिक संध्याएं, लोक-कलाओं की प्रस्तुतियां, खेल प्रतियोगिताएं और जन सहभागिता कार्यक्रम हिमाचल की जीवंत लोक-संस्कृति को सशक्त रूप से प्रस्तुत करेंगे। ऊना जिला प्रशासन महोत्सव की तैयारियों में पूरी निष्ठा और प्रतिबद्धता के साथ जुटा हुआ है। सभी विभागों की टीमें गठित कर आवश्यक कार्यों को तीव्र गति से आगे बढ़ाया जा रहा है, ताकि आयोजन न केवल सुव्यवस्थित हो, बल्कि प्रत्येक आगंतुक के लिए एक अविस्मरणीय अनुभव साबित हो।
वहीं, चिंतपूर्णी के विधायक सुदर्शन बबलू ने कहा कि मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू के मार्गदर्शन में प्रदेश सरकार धार्मिक और सांस्कृतिक पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। इसी उद्देश्य से पिछले वर्ष माता चिंतपूर्णी महोत्सव की शुरुआत की गई थी, जो अत्यंत सफल रही। उन्होंने कहा कि इस वर्ष भी यह महोत्सव श्रद्धा और संस्कृति का पर्व होने के साथ-साथ क्षेत्र की आर्थिक, सामाजिक और पर्यटन में प्रगति को नई गति और दिशा प्रदान करेगा।