एचआरटीसी बस परिचालक पर लोगों ने अभद्र व्यवहार करने का आरोप लगाया है। इस संबंध में परिवहन विभाग के उच्च अधिकारियों से शिकायत की गई है। यह भी आरोप लगाया कि परिचालक सवारियों को स्टेशन पर नहीं उतारता है।
चंडीगढ़-शाहतलाई रूट की एचआरटीसी बस में वीरवार देर शाम ऐसा वाकया सामने आया है। ग्रामीणों का आरोप है कि बस परिचालक ने बस में चंडीगढ़ से बहडाला आ रही बुजुर्ग और चलने में असमर्थ व्यक्ति सहित उसके परिजनों को स्टेशन पर उतारने की बजाय स्टेशन से पीछे ही उतार दिया। ग्रामीणों ने मामले की शिकायत परिवहन विभाग ऊना आरएम विवेक लखनपाल से मौखिक रूप से भी की है। जानकारी के मुुताबिक बहडाला निवासी तरसेम सिंह और उसके परिजन चंडीगढ़ पीजीआई में अपना चेकअप करवाकर घर वापस आने के लिए एचआरटीसी की बस में बैठ गए।
पहले तो बस के परिचालक ने उनको चंडीगढ़ से बहडाला की टिकट देने को लेकर आनाकानी की। बाद में परिचालक ने उनकी टिकट बहडाला बनाने की बजाय रक्कड़ कॉलोनी की बना दी। करीब दो से तीन घंटे का सफर करने के बाद जब बुजुर्ग व्यक्ति और परिजन बहडाला के समीप पहुंचे तो उन्होंने परिचालक को बस स्टैंड पर बस रोकने के लिए कहा। लेकिन, परिचालक ने उनको स्टेशन पर उतारने की बजाय पहले ही उतरने को कहा।
बुजुर्ग और उनके परिवार ने बीमारी से ग्रस्त होने की बात का हवाला देकर स्टेशन पर उतारने को कहा तो परिचालक कथित तौर पर उन पर आगबबूला हो गया। बस के परिचालक ने बुजुर्ग व उनके परिवार को जबरन स्टेशन से पहले ही उतार दिया। बस में परिचालक के इस अभद्र व्यवहार को देखते हुए स्थानीय दुकानदार भी एकत्रित हो गए, लेकिन बस चालक ने वहां से बस को दौड़ा लिया। परिवहन विभाग की बस में घटित हुई इस घटना को ब्लॉक कांग्रेस कमेटी के उपाध्यक्ष राकेश वशिष्ट ने निंदनीय करार दिया है। पीड़ित व्यक्ति ने इस बाबत आरएम ऊना विवेक लखनपाल को भी मौखिक रूप से शिकायत की है। उधर, आरएम ऊना विवेक लखनपाल ने बताया कि मामले को लेकर जांच की जा रही है।