संवाद न्यूज एजेंसी
बड़ूही (ऊना)। ग्राम पंचायत चौकीमन्यार के ग्रामीण आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी को प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में बदलने की मांग कर रहे हैं। 1953 से संचालित यह डिस्पेंसरी सीमित सुविधाओं तक ही सिमटी हुई है। समाजसेवी सुरेंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि भाजपा शासनकाल में भी यह मामला स्थानीय विधायक बलबीर चौधरी के माध्यम से तत्कालीन मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर तक पहुंचाया गया था।
पंचायत प्रतिनिधियों ने वर्तमान विधायक सुदर्शन सिंह बबलू के हस्ताक्षर से प्रस्ताव जिला मुख्य चिकित्सा अधिकारी ऊना के माध्यम से मुख्यमंत्री तक भेजा। सभी शर्तें पूरी होने के बावजूद यह फाइल लगभग एक वर्ष से लंबित है।
ग्रामीणों का कहना है कि पीएचसी न होने से उन्हें 10-25 किलोमीटर दूर धुसाड़ा, सोहारी या जिला मुख्यालय ऊना तक मरीज ले जाना पड़ता है, जो आपात स्थिति में जानलेवा साबित हो सकता है। विधायक बबलू ने कहा कि समस्या उनके ध्यान में है और जल्द स्थायी समाधान किया जाएगा।