पंजाब के कांग्रेस नेताओं ने मजदूरों के घर जाकर सुनीं समस्याएं
संवाद न्यूज एजेंसी
नंगल (ऊना)। केंद्र सरकार की ओर से मनरेगा योजना के नाम में किए गए बदलाव के विरोध में कांग्रेस पार्टी ने आंदोलन शुरू कर दिया है। प्रदेश भर में कांग्रेस पार्टी केंद्र सरकार के खिलाफ रैलियां आयोजित कर लोगों को जागरूक कर रही है। इसी कड़ी में शुक्रवार को पंजाब कांग्रेस के अध्यक्ष अमरेंद्र सिंह राजा बडि़ंग, छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल, अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी के सचिव रविंद्र दलवी तथा पंजाब विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष राणा केपी सिंह नंगल के गांव गौह्लणी पहुंचे, जहां उन्होंने मनरेगा मजदूरों के घर जाकर उनकी समस्याएं सुनीं।
पत्रकारों से बातचीत करते हुए प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अमरेंद्र सिंह राजा बडि़ंग ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में गरीब लोगों को आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य से केंद्र में मनमोहन सिंह के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार ने नरेगा योजना की शुरुआत की थी, जिसे बाद में मनरेगा नाम दिया गया। इस योजना के तहत मजदूरों को अपने घर के पास या अपने गांव में ही 100 दिन का रोजगार उपलब्ध कराया जाता था। इस योजना में पहले केंद्र सरकार का योगदान 90 प्रतिशत और राज्यों का मात्र 10 प्रतिशत हुआ करता था, लेकिन वर्तमान केंद्र सरकार ने राज्यों पर बोझ बढ़ाते हुए यह हिस्सा 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 40 प्रतिशत कर दिया है। कांग्रेस पार्टी इस फैसले का जोरदार विरोध कर रही है। राजा बडि़ंग ने कहा कि यदि केंद्र में कांग्रेस पार्टी की सरकार बनती है तो प्रत्येक मनरेगा मजदूर को 150 दिन का रोजगार और 600 रुपये प्रतिदिन की दिहाड़ी दी जाएगी।