बारिश और तूफान से गेहूं की फसल तहस-नहस
खेतों में काटकर रखी गेहूं खराब, तापमान में गिरावट
अमर उजाला ब्यूरो
ऊना/गगरेट। जिला में किसानों की मुश्किलें कम होने का नाम नहीं ले रही हैं। बुधवार शाम को तूफान, बारिश और ओलावृष्टि से गेहूं की फसल तहस-नहस हो गई। इससे किसानों को भारी नुकसान हुआ है। पिछले तीन दिनों से तेज धूप निकलने से अधिकतर किसानों ने गेहूं की फसल की कटाई शुरू कर दी थी। लेकिन, मौसम ने एकाएक करवट बदली और किसानों की सारी मेहनत पर पानी फेर दिया। इससे पहले भी जिला में खराब मौसम के कारण गेहूं की फसल तहस-नहस हो चुकी है। इससे किसानों का काफी नुकसान हुआ है। हालांकि मौसम विभाग की ओर से पिछले कई दिनों से किसानों को सचेत किया जा रहा था कि जिला में बारिश होने के आसार हैं। मौसम विभाग के विशेषज्ञ विनोद कुमार शर्मा ने बताया कि जिला में वीरवार को भी मौसम खराब रहने के आसार हैं। इससे किसानों और लोगों की परेशानियां बढ़ सकती हैं। हालांकि बुधवार को हुई बारिश से जिला में लोगों को गर्मी से राहत मिली है। बारिश के बाद पूरे जिला में मौसम सुहावना हो गया।
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तूफान से शहर में उड़े होर्डिंग
जिला में बुधवार शाम तेज तूफान से ऊना में कई दुकानों का सामान बिखर गय। कई होर्डिंग और बोर्ड टूटकर दूर-दराज स्थानों पर जा गिरे। एकाएक मौसम इतना खराब हो गया कि शहर में दिन के समय ही अंधेरा पसर गया और चालकों को वाहनों की लाइटें जलाकर अपने गंतव्य तक पहुंचना पड़ा। कई चालकों ने अपनी सुरक्षा के लिए वाहनों को एक स्थान पर रोककर तूफान के थमने का इंतजार किया और तूफान थमने के बाद ही अपने गंतव्य की ओर से रवाना हुए।
बागवान को भी हुआ नुकसान
तेज तूफान के कारण जिला के बागवानों को भी भारी नुकसान झेलना पड़ा है। आम के पेड़ों पर आया बौर भी 50 प्रतिशत झड़ गया। जिला में सबसे ज्यादा आम के पेड़ बंगाणा क्षेत्र में हैं। तूफान व बारिश के कारण बागवानों को काफी नुकसान उठाना पड़ा है।