दाड़लाघाट में अंबुजा सीमेंट प्लांट के बाहर विरोध करते अंबुजा कर्मचारी युनियन के लोग। संवाद
अर्की (सोलन)। अंबुजा सीमेंट प्लांट दाड़लाघाट में मजदूर की मौत के बाद गुस्साए कामगारों की कंपनी प्रबंधक ने मांगें मान ली हैं। इसके बाद कंपनी का मुख्य गेट कामगारों ने खोल दिया है। वहीं मृतक के भाई को कंपनी ने मुआवजे के तौर 21 लाख रुपये दिए हैं। इसी के साथ परिवार के एक सदस्य को नौकरी देने के लिए कहा है। साथ ही बच्चों की शिक्षा और मजदूर का पीएफ देकर सहमति जताई है। कामगारों की मांगे पूरी होने के बाद सोमवार दोपहर 02:00 बजे गेट खोला और सीमेंट प्लांट में उत्पादन कार्य शुरू किया गया।
गौर रहे कि रविवार को अंबुजा सीमेंट कंपनी में छत से गिर कर एक कामगार की मौत हुई। मृतक भूपेंद्र कुमार निवासी शौरय चौक साहू पठानकोट का रहने वाला था। व्यक्ति 25 वर्षों से सुल्ली प्लांट के कोल यार्ड में वेल्डिंग का कार्य कर रहा था। रविवार को जैसे ही वह कार्य करके उतर रहा था तो अचानक से पांव फिसल गया। जिस कारण व्यक्ति घायल हो गया। जिसे तुरंत उपचार के लिए सिविल अस्पताल अर्की ले जाया गया था। जहां उसे मृत घोषित कर दिया। इसके बाद कंपनी के अन्य कामगारों ने प्रबंधकों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया और कंपनी के मुख्य गेट को बंद कर नारेबाजी कर दी थी। उधर, भारतीय मजदूर संघ के दाड़लाघाट यूनिट के सचिव नरेश कुमार ने बताया कि कंपनी प्रबंधकों ने मृतक के परिवार को मुआवजा नौकरी तथा अन्य शर्तों पर सहमति जताई है। जिसके बाद कंपनी का गेट खोल दिया गया ।