बद्दी के ठेडपुरा में दुर्घटनाग्रस्त एचआरटीसी बस। संवाद
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बद्दी (सोलन)। बद्दी के ठेडपुरा में एचआरटीसी की बस गिरने से पहले काफी जोर की आवाज आई। यात्रियों ने अनुमान लगाया कि गाड़ी से कुछ टकरा गया लेकिन वह बस के भीतर कुछ टूटने की तेज आवाज थी। इससे स्टीयरिंग फ्री हो गया और गाड़ी एक ओर अनियंत्रित हो गई। बस ने तीन पलटे खाए और उसके बाद जाकर रुकी। इस हादसे में जानमाल का कोई नुकसान नहीं हुआ है। परिवहन विभाग के डीएम ने इस मामले की जांच के बिलासपुर के वर्क मैनेजर को जिम्मा सौंपा है। जो रविवार को मौके पर जाएंगे और उसके बाद बस गिरने के कारणों का पता चल पाएगा।
बस में सवार यात्री उमेश, बाबू राम और श्रीराम ने बताया कि जिस स्थान पर गाड़ी गिरी उससे दो मिनट पहले ही एक दुकान से यात्रियों को उठाया गया। जोहड़जी पट्टा से अधिक उतराई थी। वहां से गाड़ी ठीक निकली तो पट्टा से आगे इतनी उतराई नहीं थी। जैसे ही गाड़ी ठेडपुरा पहुंची तो अचानक मोड़ पर गाड़ी के किसी पार्ट के टूटने की आवाज आई, उसके बाद गाड़ी बेकाबू हो गई और खाई में गिर गई। गाड़ी ने तीन पलटे खाए। बस में 12 साल की बच्ची थी जिसे मामूली खरोंच आई जबकि तीन बार लोग सीटों से उछल कर छत और उसके बाद सीटों पर गिरे। इससे आठ लोगों के सिर में चोटें आई हैं। इन यात्रियों को पीजीआई रेफर किया है।
नालागढ़ अस्पताल में से पांच और परवाणू इएसआई से तीन लोगों को रेफर किया गया। तीन यात्रियों की हालत ज्यादा खराब होने पर उन्हें परवाणू अस्पताल ले जाया गया लेकिन तीनों के सिर में चोट होने से पीजीआई रेफर कर दिया गया। नालागढ़ के अड्डा प्रभारी रामलोक ने बताया कि सभी घायलों की हालत खतरे से बाहर है। केवल जिन लोगों को सिर में चोट आई हैं, उन्हें पीजीआई उपचार के लिए भेजा गया है।
वहीं, आरएम जोगेंद्र सिंह चौधरी ने कहा कि बस गिरने के कारणों का अभी पता नहीं चला है। बिलासपुर के वर्क मैनेजर को इसकी जांच का जिम्मा सौंपा है। वह रविवार को घटना स्थल का दौरा करेंगे। तकनीकी रूप से सक्षम होने के कारण वर्क मैनेजर की रिपोर्ट ही अंतिम होगी।