संवाद न्यूज एजेंसी
सोलन। निजी स्कूल के दो बच्चों में टोमैटो फ्लू के लक्षण आने के बाद स्वास्थ्य विभाग अलर्ट हो गया है। इससे स्कूल में हड़कंप है और अभिभावक भी डरे हुए हैं। बताया जा रहा कि स्कूल में जिस कक्षा में ये बच्चे पढ़ते हैं, उसमें छुट्टी कर दी गई है।
अभिभावकों को भी सतर्क रहने की सलाह दी गई है। वहीं कक्षा के किसी भी अन्य बच्चे में अगर ये लक्षण आते हैं तो तुरंत डॉक्टरों से संपर्क करने के लिए कहा गया है। हालांकि डॉक्टरों की जो टीम स्कूल में जांच के लिए गई थी, उसने उन दो संदिग्ध बच्चों के अलावा कक्षा के अन्य बच्चों की जांच भी की लेकिन बीमारी का कोई लक्षण नहीं पाया गया।
अब स्कूल प्रबंधक और डॉक्टर कुछ हद तक आश्वस्त हैं कि अन्य बच्चे इसकी चपेट में नहीं आए हैं। डॉक्टरों की मानें तो यह हैंड टू माउथ बीमारी के लक्षण हैं जो टोमैटो फ्लू की तरह हैं। हालांकि टोमैटो फ्लू में शरीर में दाने बड़े होते हैं जबकि इसमें छोटे-छोटे दाने होते हैं। इन बच्चों में भी छोटे लाल दाने निकले हैं। फिलहाल डॉक्टरों ने दोनों बच्चों को आइसोलेट कर दिया है।
क्या है टोमैटो फ्लू
टोमैटो फ्लू के प्राथमिक लक्षण बच्चों में ही देखे जा रहे हैं जो वायरल संक्रमण के समान है। इनमें बुखार, चकते पड़ना और जोड़ों में दर्द शामिल है। इस रोग में थकान, मितली, उल्टी, दस्त, बुखार, जोड़ों की सूजन, शरीर में दर्द और आम इन्फ्लूएंजा जैसे लक्षण दिखाई देते हैं। बुखार शुरू होने के एक या दो दिन बाद छोटे लाल धब्बे दिखाई देते हैं जो छाले और फिर अल्सर में बदल जाते हैं। शरीर के कई भागों में टमाटर की तरह छाले पड़ जाते हैं। यह बीमारी मुख्य रूप से 10 साल से कम उम्र के बच्चों को जकड़ रही है। वयस्कों में भी इसके लक्षण आ सकते हैं, खासकर जो बाहरी राज्यों में आवाजाही कर रहे हैं। इससे बचने के लिए लोगों को खुद जागरूक रहना होगा।
ऐसे करें रोकथाम
रोकथाम के लिए सबसे अच्छा उपाय स्वच्छता है। आसपास की जरूरी वस्तुओं और पर्यावरण को स्वच्छ रखने के साथ संक्रमित बच्चे के खिलौने, कपड़े, भोजन और अन्य सामान को गैर-संक्रमित बच्चों से साझा न करें। बुखार या दाने के लक्षण वाले बच्चों को गले न लगाएं और न ही उन्हें छूएं।
टोमैटो फ्लू को लेकर जिले में हिदायतें जारी की गई हैं। बुखार और वायरल के मरीजों की जांच में ऐसे लक्षण सभी चिकित्सक जांचते हैं। शहर के स्कूल में आए दोनों बच्चों में हैंड टू माउथ बीमारी के लक्षण हैं जो टोमैटो फ्लू की तरह हैं। बच्चों को आइसोलेट कर दिया है। अभिभावकों को डरने की जरूरत नहीं है। यह एक सप्ताह में खुद ठीक हो जाते हैं।
डॉ. अमित रंजन तलवाड़
जिला स्वास्थ्य अधिकारी