नालागढ़ में अभी तक मात्र 278 किसानों ने बेचा धान, दो हजार ने की है रोपाई
किसान यूनियन के प्रधान ने भी अपना धान भरतगढ़ की मंडी में बेचा
संवाद न्यूज एजेंसी
नालागढ़(सोलन)। नालागढ़ के किसान नालागढ़ में धान बेचने की बजाए पंजाब के भरतगढ़, कीरतपुर और घनौल की नाज मंडियों में अपना धान बेच रहे हैं। जिससे नालागढ़ स्थित खरीद केंद्र खाली पड़े हैं। अभी तक 278 किसान ही नालागढ़ अपना धान लेकर खरीद केंद्र में पहुंचे है। जबकि नालागढ़ क्षेत्र में दो हजार से अधिक किसानों ने धान लगाया है। बद्दी में नालागढ़ से अधिक किसान अपना धान बेचने आए है।
धान बेचने के लिए टोकन सिस्टम खाद्य आपूर्ति विभाग के लिए भारी पड़ रहा है। 75 फीसदी धान विभाग के खरीद केंद्र में न आकर पंजाब की अनाज मंडियों में जा रहा है। इसके पीछे सबसे बड़ा कारण टोकन सिस्टम है। किसानों के अनुसार इस सिस्टम में काफी खामियां है। अगर किसान के पास धान की पैदावार अधिक हो जाती है तो अतिरिक्त धान को खरीद केंद्र नहीं लेता है। दूसरी ओर कोई ठेकेदार धान बेचता है तो उसके बाद फर्द नहीं होती है। ऐसे में धान का पैसा ठेकेदार के पास न जाकर जमीन के मालिक के पास जाता है। यही नहीं धान बेचने के लिए आने वाले किसानों को कई दिन खरीद केंद्र में लग जाते हैं।
वहीं यहां पर आने से लिए किसानों को तेल खर्च करना पड़ता है जबिक ऊपरला चंगर कीरतपुर, निचला चंगर, दभोटा, माजरा ढांग निहली, ढाणा आदि क्षेत्र भरतगढ़ और राजपुरा, मझौली, सैणी माजरा आदि पंचायतें के किसान पंजाब के घनौली में अपना धान बेच रहे हैं। यहां पर जो पहले आता है उसका नंबर पहले लगता है। यहां पर कोई टोकन सिस्टम नहीं है। किसानों को धान के पैसा भी उतना ही मिल रहा है। जितना हिमचाल में 2203 रुपये प्रति क्विंटल मिलता है।
किसान यूनियन के जिला प्रधान सुरमुख सिंह ने बताया कि एक दिन नालागढ में अपना ट्रैक्टर खड़ा रखने के बाद उसने भी अपना धान पंजाब के भरतगढ़ स्थित अनाज मंडी में बेच दिया है। उसने अपना 60 क्विटंल धान पंजाब में बेचा है। इसके अलावा यहां पर 75 फीसदी किसानों ने अपना धान पंजाब की मंडियों में बेचा है।
उधर, कृषि उपज मंडी नालागढ़ के प्रभारी गंगा राम ने बताया कि नालागढ़ में इस बार बहुत कम किसान अपना धान लेकर खरीद केंद्र में आए हैं। केवल 278 किसान ही नालागढ़ पहुंचे हैं बाकी किसानों ने अपना धान इधर-उधर बेच दिया है। नालागढ़ से अधिक किसान मलपुर खरीद केंद्र आए हैं। मलपुर खरीद केंद्र में 384 किसान पहुंचे हैं। जबिक नालागढ़ में सभी किसान धान लगाते हैं। अभी तक 30 हजार 626 क्विंटल धान बद्दी व नालागढ़ में आया है। नालागढ़ में 12 हजार क्विटंल ही धान बिक पाया है।