सोलन। कोरोना के मामलों में गिरावट आने के बाद भी लोगों में महामारी को लेकर खौफ बरकरार है। आलम यह है कि लोग उपचार के लिए अस्पताल आने से डर रहे हैं। इस कारण अस्पताल की ओपीडी में 50 प्रतिशत तक कम हो चुकी है। रोजाना उपचार के लिए केवल 600 के आसपास ही मरीज पहुंच रहे हैं। जो ओपीडी पहले रोजाना 1200 के करीब होती थी, वह घटकर आधी हो गई है। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार लोग कोरोना को लेकर डरे हुए हैं।
लोग अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर हैं लेकिन ओपीडी के कम होने का असर अस्पताल की आरकेएस पर भी पड़ रहा है। क्षेत्रीय अस्पताल बड़ा होने के नाते सोलन ही नहीं आसपास के क्षेत्रों से भी मरीज भारी संख्या में उपचार के लिए पहुंचते थे। अब कोरोना के मामले कम होने पर भी ओपीडी में बढ़ोतरी नहीं हो पा रही है। लंबे समय से ओपीडी गिर रही है।
उधर, एमएस डॉ. एनके गुप्ता ने कहा कि कोरोना के मामलों में कमी आना शुरू हो चुकी है लेकिन लोग अपनी सुरक्षा को लेकर गंभीर है। इस कारण अस्पताल में 50 प्रतिशत कम हो चुकी ओपीडी बढ़ नहीं रही है।