दाड़लाघाट(सोलन)। क्षेत्र में दो बड़े नामी सीमेंट उद्योग होने के बाद भी पार्किंग सुविधा के लिए तरसना पड़ रहा है। अब समस्या काफी गंभीर होती जा रही है। इसके बावजूद स्थानीय निकाय, जनप्रतिनिधियों और प्रशासन ने आज तक कोई जहमत नहीं उठाई है। पार्किंग व्यवस्था न होने के कारण लोगों को आए दिन दिक्कतों का सामना करना पड़ता है। मजबूरी में लोगों को सड़क किनारे ही वाहनों को पार्क करने पड़ते हैं। सड़क पर अवैध पार्किंग होने से राहगीर भी परेशान हो रहे है और कभी भी कोई बड़ा हादसा होने की आशंका बनी हुई है। अंबुजा सीमेंट प्लांट लगने के बाद ट्रकों की संख्या में काफी बढ़ोतरी हुई है। इसके अतिरिक्त चार पहिया वाहन और दोपहिया वाहनों की संख्या में बढ़ोतरी हो रही है। कंपनी ने ट्रकों की पार्किंग के लिए ट्रक मार्ग तो बनाया, लेकिन गाड़ियों की संख्या को देखते हुए नाकाफी है। पार्किंग न होने से स्थानीय टैक्सी यूनियनों और दुकानदारों को भी परेशानी झेलनी पड़ रही है। क्योंकि छोटी गाड़िस हर समय दुकानों के आगे लगी रहती है। इससे व्यवसाय में भी फर्क पड़ रहा है। अंबुजा चौक से पीएनबी एटीएम तक व एसबीआई बैंक से लेकर जालपा मंदिर तक यही हालत है। दाड़लाघाट राष्ट्रीय उच्च मार्ग-205 पर स्थित होने के कारण यहां से सैकड़ों वाहनों के अन्य जिलों लिए आवाजाही है। इसके अतिरिक्त यहां सरकारी व गैर सरकारी कार्यालय व करीब पांच बैंको की शाखाएं स्थापित हैं। लोग बैंक से संबंधित कार्य के लिए यहां आते हैं, लेकिन पार्किंग न होने के कारण परेशानी झेलनी पड़ती है। उधर, ग्राम पंचायत प्रधान दाड़ला बंसी राम भाटिया का कहना है कि पार्किंग के निर्माण में जमीन की कमी एक बड़ी बाधा है। हालांकि पुलिस थाने के साथ सटी सरकारी जमीन पर पार्किंग बनाने की योजना है, बशर्ते वह जमीन पंचायती राज विभाग के नाम हो जाए। संवाद
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कई बार स्थानीय प्रशासन व सरकार से मांग है। लेकिन टैक्सी पार्किंग के लिए अभी तक स्थल का चयन नहीं हुआ है। इससे मजबूरी में वाहन सड़क किनारे ही पार्क करने पड़ते हैं। पार्किंग बन जाने से छोटी गाड़ियां भी एक जगह खड़ी हो जाएगी।
-अनिल शर्मा, सचिव, टैक्सी यूनियन।
अवैध पार्किंग के कारण दाड़लाघाट पुलिस नकेल कसती है। चालान भी काटे जाते हैं। पार्किंग निर्माण के लिए गंभीर होना पड़ेगा तभी पार्किंग की समस्या से क्षेत्र को निजात मिलेगी।
-कविता सेन, मकान मालिक दाड़ला
औद्योगिक क्षेत्र होने के बावजूद क्षेत्र में पार्किंग निर्माण नहीं हो पाया। दुकानदारों सहित वाहन परेशानी का सामना करना पड़ता है। सरकार से मांग है कि समस्या का प्राथमिकता के आधार पर हल हो।
-हेमराज गौतम ,उपप्रधान, व्यापार मंडल।
दाड़लाघाट में पार्किंग की समस्या बहुत ज्यादा है। सरकार को पार्किंग का निर्माण करवाना चाहिए, ताकि टैक्सी चालकों सहित आम लोगों को सुविधा मिले। इस विषय पर हर स्तर पर गंभीरता दिखाई जानी चाहिए। लोगों की मांग पर विचार हो।
-सुनील कुमार,सचिव, मालवाहक यूनियन।