दवाओं के रैपर बनाने वाला एक उद्योग शनिवार देर रात जलकर राख हो गया। सूचना मिलते ही दमकल विभाग की टीम मौके पर पहुंची। करीब तीन घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया। घटना के वक्त प्रोडक्शन बंद थी, अन्यथा बड़ा हादसा हो सकता था। प्रथम दृष्टतया आग लगने का कारण शार्ट सर्किट बताया जा रहा है। हरायपुर के इस उद्योग में लगी आग से करीब 15 लाख की संपत्ति का नुकसान बताया जा रहा है।
आग से उद्योग का करीब एक टन फॉयल स्क्रेब, एक प्रिंटिंग मशीन, दो इलेक्ट्रिकल पैनल, एक मोटर व 400 प्रिंटिंग सिलेंडर को नुकसान पहुंचा है। आग उद्योग के स्टोर व मुख्य प्रोडक्शन भवन में लगी। स्टोर में लगी आग को बुझाने के लिए दमकल विभाग को दीवार को तोड़ना पड़ा। कंपनी प्रबंधन की ओर से आग से 25 लाख के नुकसान का दावा किया जा रहा है।
उसके बाद दमकल विभाग को फोन पर इसकी सूचना दी गई। फायर आफिसर प्रकाश चंद के नेतृत्व में डीडी ठाकुर, टेक चंद, भाग सिंह, गोपाल दत्त, राधे श्याम, बलदेव राम, राजेश कुमार व खेम चंद ने आग को काबू करने का कार्य किया। फायर आफिसर प्रकाश चंद शर्मा ने बताया कि हरायपुर स्थित उद्योग की आग को 3 घंटे में काबू किया गया है। शार्ट सर्किट के कारण लगी आग से 15 लाख रुपये के नुकसान का अनुमान है।