अमर उजाला ब्यूरो
नालागढ़ (सोलन)। यातायात नियमों की धज्जियां उड़ाने वाले वाहन चालकों पर अब ई-चालान से शिकंजा कसना शुरू हो गया है। ई-चालान से पुलिस कर्मियों का कागजी कार्रवाई का बोझ घट गया है, वहीं ई-चालान से चालकों का डेटा बेस भी तैयार होगा। वाहन चालकों के काटे चालानों का विवरण समाहित रहेगा जो तय अवधि से अधिक बार चालान होने पर चालक का लाइसेंस रद्द तक कर सकेगा। ई-चालान से कटे चालानों के बाद रद्द लाइसेंस नहीं बन सकेगा, वहीं वह वाहन भी नहीं खरीद सकेगा।
ऐप में दर्ज है सभी धाराएं
मोबाइल ऐप में यातायात नियमों की अवहेलना करने की सभी धाराएं दर्ज हैं। ई-चालान काटते समय संबंधित चालक की सभी सूचनाएं इसमें दर्ज होती हैं, वहीं उसका फोटो भी खींचा जाता है। वाहन की चेसिस नंबर, लाइसेंस सहित आधार कार्ड पर दर्ज पता भी इसमें दर्ज है।
वाहनों की चोरी पर भी कसेगा शिकंजा
ई-चालान के लिए कहीं भी वाहन खड़ा है, उसका नो पार्किंग का चालान कट जाएगा। वाहन के नंबर से या नंबर न होने की सूरत में उसकी चेसिस नंबर से सुगमता से चालान कट जाएगा। ई-चालान से चोरी के वाहनों पर भी लगाम लगेगी, वहीं फर्जी लाइसेंस का भी तुरंत पता चल जाएगा।
एक माह में ऐप से 600 चालान काट वसूला 1.50 लाख जुर्माना
यातायात प्रभारी एएसआई रमेश ने बताया कि एक माह में इस ऐप से 600 ई-चालान काटे जा चुके हैं और 1.50 लाख का राजस्व चालानों से वसूल कर सरकार के कोष में जमा करवाया जा चुका है। पुलिस अधीक्षक रोहित मालपानी ने कहा कि ई-चालान से डेटा बेस तैयार हो रहा है। विभिन्न तरह के अपराधों के चालानों के बाद रद्द लाइसेंस नहीं बनेगा और वह वाहन खरीद भी नहीं कर सकेगा।