धर्मपुर(सोलन)। बरसात के मौसम में लोगों को परवाणू-शिमला एनएच पर जाम और पहाड़ दरकने की समस्या से परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा। बरसात के मौसम को लेकर फोरलेन निमार्ण कार्य कर रही कंपनी ने नई योजना तैयार की है। एनएच पर कंपनी ने दिन-रात कर्मचारियों को तैनात कर दिया है। यह कर्मचारी रात के समय जगह-जगह पर एनएच की पेट्रोलिंग करेंगे।
साथ ही हाईवे पर बारिश से पहाड़ दरकने के समय मौके पर तैनात रहेंगे। रात के समय एनएच पर जाम न लगे, इसके लिए कंपनी ने अपने कर्मचारियों को तैनात कर दिया है। परवाणू से चंबाघाट तक चल रहे फोरलेन के कार्य के चलते लोगों को भारी जाम का सामना करना पड़ रहा है। अब बरसात में जगह-जगह पर मलबा गिरने से लोगों को काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। बारिश के मौसम में हाईवे पर आने-जाने वाले वाहनों को पूरी तरह सुरक्षित रखने के लिए नाइट पेट्रोलिंग की योजना बनाई है। हाईवे पर कई जगह 40 से 60 फीट ऊंचे पहाड़ों की कटिंग की गई है। ये पहाड़ चिकनी लाल मिट्टी के हैं और भारी बारिश में पत्थर और मलबा गिरने का खतरा रहता है। बरसात को देखते हुए जीआर कंपनी ने एनएच पर करीब पांच टीमों का गठन किया है। ये टीमें एनएच पर दिन-रात लोगों के लिए सेवाएं देगी।
हाई वोल्टेज टॉर्च भी थमाई
एनएच पर रात के समय मलबा गिरने और कुछ अन्य समस्या से निपटने के लिए कंपनी ने अपने कर्मचारियों को हाई वोल्जेट टार्च थमा दी है। इस टॉर्च से कर्मचारियों को मलबा गिरने और हटाने के समय सहायता मिलेगी। आने वाले दिनों में ये कर्मचारी एनएच की पूरी गिनरानी करेंगे।
फोरलेन कंपनी के साइट मैनेजर उमेश कुमार ने बताया कि कंपनी की योजना के अनुसार हाईवे पर नाइट पेट्रोलिंग की जा रही है। यह एक सप्ताह से लागू कर दी गई है। अब हाईवे पर जिन स्थानों पर पहाडों से ज्यादा खतरा है, उन स्थानों पर राहत कार्यों के लिए टीमें गठित की गई हैं।