नालागढ़ (सोलन)। शहर में लोगों को मकान का पता अब उनका हाउस नंबर बताएगा। इससे लोगों को शहर में मकान ढूंढने में किसी तरह की परेशानी नहीं होगी। खासतौर पर बाहर से आने वाले लोगों और गैस तथा पत्र वितरकों को मकान ढूंढने में सहूलियत मिलेगी। बीते वर्ष शुरू की गई परिषद की ठंडे बस्ते में पड़ी इस योजना को अब सभी शहर के मकानों पर लगाने के लिए नप ने ठानते हुए इसका कार्य युद्धस्तर पर शुरू करवा दिया है।
मकान नंबर अंकित होने से शहर के मकानों का उनके नंबरों से पता करने सहित अन्य सुविधाओं गैस वितरण प्रणाली, डाक वितरण प्रणाली सहित अन्य कार्य में कारगार साबित होगी। मकान नंबर लगाने का कार्य सिर्फ दो वार्डों वार्ड-2 और 3 में ही हो सका है, जबकि अन्य शेष 7 वार्ड इससे अभी तक महरूम हैं। शहर के तहत 9 वार्डों के अधीन आने वाले सभी मकानों के नंबर अंकित किए जा रहे हैं जो वेरिफिकेशन के लिए महत्वपूर्ण साबित होंगे। एक दूसरे के साथ सटे शहर के मकानों में कई बार उनका पता नहीं चल पाता है, जिसके चलते परिषद ने मकान नंबर लगाने की करसत शुरू की है।
हाउस नंबर होने पर वार्डों में की जाने वाली घरेलू गैस आपूर्ति में भी सहायता मिलेगी क्योंकि मकान नंबर न होने के कारण गैस वितरकों को दिक्कतें झेलनी पड़ती हैं। शहर के नौ वार्डों में करीब 30 हजार की आबादी रहती है। कई सालों पहले नालागढ़ शहर में प्रत्येक मकान के आगे नंबर अंकित होता था लेकिन धीरे-धीरे मकानों की संख्या बढ़ती रही और मकानों के नंबर अंकित ही नहीं किए। नप नालागढ़ के अध्यक्ष मनोज वर्मा ने कहा कि हाउस नंबर लगाने का कार्य आरंभ कर दिया है। शहर के सभी मकानों पर इन नंबरों को अंकित किया जा रहा है, ताकि लोगों को भी आसानी हो और उन्हें सुविधा भी मिल सके।