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परवाणू में नहीं चलता गुंडा टैक्स, जानकारी दुरुस्त करवाएं आरोप लगाने वाले

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नहीं चलता गुंडा टैक्स, जानकारी दुरुस्त करें आरोप लगाने वाले
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मंत्री डॉ. राजीव सैजल के खिलाफ उतरी परवाणू की कैंटर यूनियन, पुलिस पर भी निकाली भड़ास
हरदीप सिंह बावा को बताया सर्वसम्मति से चुना गया प्रधान
अमर उजाला ब्यूरो
परवाणू (सोलन)। परवाणू कैंटर यूनियन ने मंत्री डॉ. राजीव सैजल पर जवाबी हमला बोला है। कैंटर यूनियन ने ट्रक ऑपरेटरों को गुंडा टैक्स वसूली का नाम देने पर भी ऐतराज जताया है। साथ ही परवाणू में अन्य यूनियनों के मुकाबले किराया अधिक होने की बात से भी इंकार किया है। यूनियन ने परवाणू में पत्रकार वार्ता कर मंत्री डॉ. राजीव सैजल के सभी आरोपों का जवाब दिया। उन्होंने कहा ऐसा आरोप लगाने वालों को अपनी जानकारी दुरुस्त करवानी चाहिए। कैंटर यूनियन के सलाहकार नरेश गुप्ता ने कहा कि उनकी यूनियन किसी राजनीतिक पार्टी से संबंधित नहीं है। दिसंबर 2017 में बावा हरदीप सिंह के नेतृत्व में बैठक हुई थी जिसमें सभी ऑपरेटरों को अपनी मर्जी का प्रधान चुनने को कहा जिस पर सभी ने बावा पर सहमति व्यक्त की थी। वह जबरदस्ती या थोपे हुए प्रधान नहीं हैं। बावा हरदीप सिंह ने कैंटर ऑपरेटर यूनियन पर जबरदस्ती सरकारी संरक्षण में कब्जे के बाद अपने ऑपरेटर की लिस्ट प्रशासन को सौंपकर यूनियन प्रधान का चुनाव करने की प्रशासन को पेशकश की थी। प्रशासन चुप बैठा रहा और यूनियन प्रधान बावा को हमलावरों ने निशाना बनाया। उन्होंने कहा कि पुलिस ने सही समय पर कार्रवाई करती तो परवाणू में ऐसा माहौल नहीं बनता। उन्होंने कहा कि यूनियन किराया बढ़ाने के लिए एक सिस्टम अपनाया है जिसमें परवाणू उद्योग संघ की सहमति के बिना किराया नहीं बढ़ाया जाता है। वे उद्योग संघ से किसी भी मंच पर चर्चा कर सकते हैं। उन्होंने समय समय पर परवाणू में उद्योगों को चलाने के लिए किराये में 10 प्रतिशत तक कटौती की ताकि परवाणू में सभी को रोजगार मिलता रहे। इस अवसर पर उनके साथ ट्रक, कैंटर ऑपरेटर परवाणू की कार्यकारिणी सदस्यों ओमप्रकाश, हरविंद्र सिंह कवर, धर्मेश कुमार, पंकज कुमार, चेतन, लखविंदर सिंह, लालबहादुर देवेंद्र चौहान व अन्य ऑपरेटर उपस्थित रहे।
यूनियन की वजह से जल रहे एक हजार चूल्हे
इस यूनियन में लगभग 400 कैंटर और ट्रक हैं जिसके साथ कसौली विधानसभा क्षेत्र के 80 प्रतिशत ऑपरेटर कार्य कर रहे हैं। इसमें कसौली, धर्मपुर, कालका, पिंजौर तक के ऑपरेटर परिवार के लिए रोजगार जुटा रहे हैं। यूनियन के साथ कसौली के एक हजार परिवार सीधे या अपरोक्ष रूप से जुड़े हैं।
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धूमल सरकार के समय शुरू हुई गुंडागर्दी : नरेश गुप्ता
नरेश गुप्ता ने कहा कि परवाणू में धूमल के कार्यकाल में 2013 में गुंडागर्दी की शुरूआत हुई थी। 2013 में धूमल सरकार में कैंटर ऑपरेटर यूनियन पर जबरदस्ती कब्जा करने वालों ने शुरूआत की थी। इससे पहले ठाकुरदास शर्मा के नेतृत्व में 15 साल यूनियन ने बेहतर काम किया, तब ऐसी गुंडागर्दी नहीं थी। 2013 के बाद सोसायटी के साथ ऑपरेटरों का अनुभव अच्छा नहीं रहा। 2013 में यूनियन के नाम पर लोगों से 51 हजार रुपये गाड़ी डालने के वसूले गए। सोसायटी के लोगों का ऑपरेटरों से दुर्व्यवहार सभी ने झेला है।
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