परवाणू (सोलन)। जिला के परवाणू क्षेत्र में फैल रहे डेंगू को लेकर अब प्रशासन सख्त हो गया है। बुधवार को परवाणू के सहायक आयुक्त की टीम ने सफाई व्यवस्था को ठीक न रखने और बरसात के पानी को इकट्ठा होने देने पर आठ उद्योगों के चालान काटे। इस दौरान उन्होंने कुछ व्यावसायिक संस्थानों को सफाई रखने की हिदायत दी। परवाणू में इन दिनों डेंगू ने कहर मचाया हुआ है।
बरसात में होने वाली इस बिमारी ने कई लोगों को अपना शिकार बना दिया है। जिला में अभी तक सबसे अधिक डेंगू के मामले परवाणू में आए हैं। इसको देखते हुए जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग भी अलर्ट हो गया है। परवाणू में डेंगू के करीब 47 मामले सामने आ चुके हैं। मंगलवार को एक साथ परवाणू में डेंगू के 12 नए मामले आने से स्वास्थ्य विभाग को झटका लगा था।
अब बरसात में और मामले आने की आशंका भी जताई जा रही है। डेंगू के बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन ने छह टीमों का गठन किया है। इसकी रोजाना रिपोर्ट सहायक आयुक्त को दी जा रही है। साथ ही, कमेटी सुबह के समय फॉगिंग भी कर रही है। परवाणू में बढ़ रहे डेंगू के मामलों को लेकर स्वास्थ्य विभाग की चिंता भी बढ़ने लगी है। पिछले साल परवाणू में डेंगू के करीब 297 मामले सामने आए थे। इस बार भी यह आंकड़ा 47 पहुंच चुका है। बुधवार को परवाणू में सहायक आयुक्त की टीम में सभी विभागों के अधिकारी मौजूद रहे। इस दौरान स्वास्थ्य विभाग ने लोगों से अपील की है कि डेंगू से बचने के लिए साफ-सफाई व घरों के पास पानी को इकट्ठा न होने दें।
परवाणू कर्मचारी राज्य बीमा निगम अस्पताल इंचार्ज डॉ. विनोद कपिल ने कहा कि डेंगू से बचाव के लिए सभी लोग अपने स्तर पर घरों और आसपास सफाई का विशेष ध्यान रखें। उन्होंने कहा कि डेंगू के बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन गंदगी और डेंगू फैलाने में सहायक होने वाले उद्योगों पर शिकंजा कस रहे हैं।