गुरुद्वारा श्री दड़ी साहिब बेहड़ेवाला-भुंगरनी में उमड़े श्रद्धालु
माता गुज्जरी कौर और साहिबजादों के बलिदान को किया याद
सिख इतिहास के बारे में लिखित परीक्षा के विजेता हुए पुरस्कृत
संवाद न्यूज एजेंसी
पांवटा साहिब(सिरमौर)। गुरुद्वारा श्री दड़ी साहिब बेहड़ेवाला-भुंगरनी में सालाना शहीदी समागम तथा संत सुंदर सिंह, संत बिशन सिंह की सालाना मीठी याद गुरुद्वारा श्री दड़ी साहिब बेहड़ेवाला-भुंगरनी में श्रद्धा और सत्कार के साथ मनाई गई। इस दौरान माता गुज्जरी कौर और साहिबजादों के बलिदान को याद किया गया।
यूथ फाउंडेशन की ओर से रक्तदान का शिविर और बच्चों के सिख इतिहास के बारे में लिखित परीक्षा करवाई गई।
प्रबंधक कमेटी गुरुद्वारा दड़ी साहिब के प्रधान सरदार भूपिंद्र सिंह जेलदार ने बताया की कीर्तन दरबार में पंथ प्रसिद्ध रागी जत्थे पहुंचे। इसमें विशेष तौर पर दरबार श्री अमृतसर साहिब से भाई सतनाम सिंह, भाई चरणजीत सिंह जलमाना करनाल से, पांवटा साहिब से कथावाचक भाई निशान सिंह ने तथा एसजीपीसी के प्रचारक भाई परमजीत सिंह ने कथा द्वारा हाजिरी भरी।
इस अवसर पर स्थानीय बच्चों ने भी अपनी धार्मिक कविताओं का संगत को श्रवण करवाया और गुरु का लंगर अटूट बरताया गया।
बता दें कि सिख जगत में शहीदी पर्व चला उसी कड़ी में चार साहिबजादों और माता गुज्जरी कौर की तथा साथ सुंदर सिंह संत भीषण सिंह जी की सालाना याद को मनाते हुए गुरुद्वारा श्री दड़ी साहिब में 25 तारीख से चल रहे लड़ीवार अखंड पाठ साहब के सुबह भोग डाले गए। स्थानीय गुरुद्वारा प्रांगण में कीर्तन दरबार सजाया गया। इस अवसर पर नरेंद्रपाल सिंह सहोता, नगर परिषद अध्यक्षा निर्मल कौर, अनिंद्र सिंह नोटी, अवनीत सिंह लांबा, अनिल सैनी आदि ने भी माथा टेका।
प्रबंधक कमेटी गुरुद्वारा श्री दड़ी साहिब के प्रधान स. भूपिंद्र सिंह जैलदार ने पहुंची संगतों का प्रबंधक कमेटी की तरफ से धन्यवाद किया। इसके अलावा चंद्रा हॉस्पिटल पांवटा साहिब के द्वारा निशुल्क जांच और दवाइयाें का शिविर, यूथ फाउंडेशन की ओर से रक्तदान का शिविर और बच्चों के सिख इतिहास के बारे में लिखित परीक्षा भी करवाई गई। इसमें सभी परीक्षार्थियों को पुरस्कार और प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पर रहे बच्चों को नकद पुरस्कार भी दिए गए।
इस अवसर पर पांवटा साहिब की संगत के साथ-साथ देहरादून, डोईवाला, यमुनानगर आदि की संगत भी बड़ी संख्या में पहुंची।
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