शहरों और गांवों में ठोस कचरा निष्पादन की समस्या चिंताजनक : विवेक शर्मा
जिला पर्यावरण योजना-2023 की समीक्षा बैठक में बोले सहायक आयुक्त
संवाद न्यूज एजेंसी
नाहन (सिरमौर)। पर्यावरण संरक्षण के दृष्टिगत शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में कचरा निष्पादन का प्रबंधन सुव्यवस्थित ढंग से होना नितांत जरूरी है।
ठोस कचरा निष्पादन जहां शहरी क्षेत्रों की समस्या बन रहा है, वहीं ग्रामीण स्तर पर भी यह समस्या धीरे-धीरे चिंताजनक होती जा रही है। औद्योगिक क्षेत्रों में भी ठोस कचरे का निष्पादन सही प्रकार से हो, यह भी सुनिश्चित किया जाना चाहिए।
सहायक आयुक्त विवेक शर्मा ने गत सोमवार को नाहन में जिला पर्यावरण योजना-2023 की समीक्षा के संबंध में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए ये बात कही। उन्होंने साडा क्षेत्रों, नगर निकायों और ग्राम पंचायत स्तर पर विशेषकर ठोस कचरा प्रबंधन की आवश्यकता पर बल देते हुए संबंधित अधिकारियों को इस दिशा में ठोस कदम उठाने के निर्देश दिए।
उन्होंने इस संबंध में व्यापक जागरुकता पैदा करने के लिए शहरी और ग्रामीण स्तर पर शिविरों के आयोजन पर बल दिया।
विवेक शर्मा ने ठोस कचरा प्रबंधन, प्लास्टिक कचरा प्रबंधन, पानी की गुणवत्ता, मल निकासी प्रबंधन, मल निकास संयंत्रों की स्थापना व रखरखाव, हवा की गुणवत्ता का प्रबंधन जैसे विभिन्न क्षेत्रों में विभागों को प्रतिबद्धता के साथ कार्य करके व्यावहारिक तौर पर प्रगति करने के लिए कहा।
उन्होंने जलशक्ति विभाग को कालाअंब और मोगीनंद क्षेत्रों में मल निकासी योजना को क्रियाशील बनाए रखने के निर्देश दिए।
क्षेत्रीय अधिकारी प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड पवन शर्मा ने पर्यावरण योजना संबंधी विभिन्न विषयों पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने सभी विभागों से प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए निर्धारित मापदंडों की अनुपालना के लिए आग्रह किया।
इस मौके पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक सोमदत, जिला उद्योग केंद्र महाप्रबंधक साक्षी सत्ती, नगर परिषद नाहन के कार्यकारी अधिकारी संजय तोमर के अलावा ग्रामीण विकास, पर्यावरण नियंत्रण बोर्ड और अन्य संबंधित विभाग के अधिकारी मौजूद रहे।