कालाअंब के रिहायशी इलाकों और मुख्य मार्गों पर जलभराव से परेशानी
अवैध कॉलोनियों के निर्माण के दौरान पानी की निकासी का नहीं हो रहा प्रबंध
गलत तरीके से हो रहे भवन निर्माण से बरसाती पानी की निकासी हो रही अवरुद्ध
संजय गुप्ता
कालाअंब (सिरमौर)। औद्योगिक क्षेत्र कालाअंब में बरसाती पानी की निकासी न होने से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। कालाअंब के रिहायशी इलाकों और मुख्य मार्गों पर जगह-जगह जल भराव की समस्या विकराल होती जा रही है।
स्थानीय लोगों में सोनू, अजय वर्मा, दीपू, असलम, मनोज मिश्रा, दिलीप ने बताया कि हरियाणा क्षेत्र की ओर नेशनल हाईवे 07 के फोरलेन का कार्य चल रहा है। इसकी वजह से जमीनों की खरीद-फरोख्त करके अवैध कॉलोनियों का निर्माण किया जा रहा है जिनमें पानी की निकासी को लेकर कोई प्रबंध नहीं किया जा रहा है।
लिहाजा, गलत तरीके से हो रहे भवन निर्माण की वजह से त्रिलोकपुर सड़क व इसके साथ लगते रिहायशी इलाकों के बरसाती पानी की निकासी अवरुद्ध हो रही है। स्थानीय लोगों को बारिश होने पर क्षेत्र में जलभराव की समस्या का सामना करना पड़ रहा है। दूसरे अधिक बारिश होने पर बरसाती पानी लोगों की खाली जमीन में से होकर गुजर रहा है और इससे भू-कटाव हो रहा है।
उन्होंने बताया कि स्थानीय लोगों का एक प्रतिनिधिमंडल उपायुक्त सिरमौर और नाहन के विधायक को इस समस्या बारे में लिखित रूप से अवगत करा चुका है लेकिन दो राज्यों की सीमा होने के कारण समस्या का कोई समाधान नहीं हो पाया है।
इसके अलावा न हरियाणा के अंबाला प्रशासन की ओर से और न ही हिमाचल के सिरमौर प्रशासन की ओर से इस समस्या पर ध्यान दिया जा रहा है। उन्होंने दोनों राज्यों के जिला प्रशासन से मांग की है कि उक्त समस्या का समाधान शीघ्र किया जाए ताकि जलभराव की समस्या से निजात मिल सके।
कालाअंब पंचायत के उपप्रधान इस्लाम मोहम्मद ने बताया कि इस समस्या के संदर्भ में 2022 में जिला अंबाला व जिला सिरमौर के उपायुक्तों के बीच बैठक हुई थी। इसमें स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों को भी शामिल किया गया था। उस समय एक संयुक्त एक्शन कमेटी भी बनाई गई थी जिसमें हरियाणा व हिमाचल के संबंधित विभागों के पदाधिकारी शामिल किए गए थे। जो समय-समय पर पानी निकासी और साफ-सफाई को लेकर दोनों ओर के क्षेत्रों में संयुक्त रूप से कार्य कर रहे थे।
हरियाणा के जिला प्रशासन अंबाला की ओर से रास्ते से अवैध निर्माण हटाने के लिए निशानदेही की गई थी। उसके बाद से अवैध निर्माण तो हटाया गया लेकिन पानी के निकासी की साधनों की साफ-सफाई की ओर कोई तवज्जो नहीं दी गई। सरकार बदलने के बाद कमेटी खत्म हो गई और स्थिति फिर से वहीं पर आ गई है। उन्होंने बताया कि दोनों जिलाें के प्रशासन को फिर से बैठकर इस समस्या के समाधान की जरूरत है। उन्होंने कहा कि इस मसले को लेकर बहुत जल्द जिला प्रशासन से मिला जाएगा।
संवाद
नाहन विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत त्रिलोकपुर मार्ग पर कॉलोनी में जलभराव का दृश्य। संवाद