पांवटा शहरी क्षेत्र में बंदरों का आतंक, गलियों से गुजरना हुआ कठिन
मुख्यमंत्री सेवा संकल्प पर शिकायत के बावजूद समस्या जस की तस
लोगों की मांग नगर परिषद पांवटा और वन विभाग शीघ्र ठोस कदम उठाए
संवाद न्यूज एजेंसी
पांवटा साहिब (सिरमौर)। पांवटा शहरी क्षेत्र में लोग बंदरों के आतंक से परेशान हैं। कुछ गलियों में बंदरों की संख्या में निरंतर इजाफा हो रहा है जिससे गलियों से गुजरने वाले बुजुर्ग, महिलाएं व बच्चे डरे सहमे रहते हैं। घरों के भीतर घुस कर बंदर सामान और खाद सामग्री को उठा ले जाते हैं। वार्ड आठ के लोगों ने तीन बार मुख्यमंत्री सेवा संकल्प पर शिकायत भी भेजी है लेकिन कोई समाधान अब तक नहीं हो पा रहा है जिससे लोगों में आक्रोश पनप रहा है।
पांवटा साहिब वार्ड- 8 निवासी व्यवसायी नीरज उदवानी, प्रिंस, निखिल कपिल, भरत राणा, वार्ड-सात निवासी सुमेश वर्मा, अर्चना, बबीता, सुनिता चौहान, वार्ड- पांच के निवासी राम किशन, शिवानी, प्रताप सिंह, रंजना शर्मा और रविना ने बताया कि बंदरों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। बंदरों के झुंड गलियों में पहुंचते हैं। घरों में घुस कर नुकसान करते हैं। डी- संस टेलर तथा सिनेमा गली व बाजार में कई लोगों पर हमला कर काट भी चुके हैं। उत्पाती बंदर घर की छतों पर लगे डिश, बिजली तारों, चूल्हे, कपड़ों व नल तोड़ कर नुकसान कर देते हैं। समय रहते इनको पकड़ कर नसबंदी व दूर जंगलों में छोड़ दिया जाए। नीरज उदवानी ने कहा कि मुख्यमंत्री सेवा संकल्प पर शिकायत के बावजूद समस्या जस की तस बनी हुई है।
नगर परिषद पांवटा की अध्यक्षा निर्मल कौर ने कहा कि इस तरह की शिकायत मिल रही है। पांवटा वन विभाग के साथ मिल कर बंदरों को पकड़ने की मुहिम फिर से शुरू करने का प्रयास किया जाएगा।
संवाद