नाहन (सिरमौर)। जलशक्ति विभाग नाहन में पेयजल के बिल आवंटन में खामियां सामने आ रही हैं। मनमर्जी से बिल आवंटित कर उपभोक्ताओं को चूना लगाया जा रहा है। सुधीर रमौल ने जलशक्ति विभाग के अधिशासी अभियंता को पत्र भेजकर जांच की मांग की है। रमौल का कहना है 25 सिंतबर को उन्हें जलशक्ति विभाग ने पत्र जारी कर बताया कि उनका पानी का मीटर बंद है। इसके बाद 26 सितंबर को ही उन्होंने अपना मीटर बदल दिया। शिकायत पत्र में उन्होंने कहा है कि 25 सितंबर को खराब और बंद पड़े मीटर की मीटर रीडिंग 373000 दर्शाई गई। 20 जनवरी 2021 को पानी का बिल दिया गया।
इसमें 25 सितंबर की पुरानी रीडिंग ही दर्शाई गई। 20 मई 2021 को कर्मचारी ने बिल दिया। इसमें 20 जनवरी की रीडिंग शून्य और 20 मई की रीडिंग 70000 दर्शाई गई। कर्मचारी को मीटर दिखाया तो रीडिंग महज 90 थी। रमोल ने बाकायदा बिल और मीटर की फोटो प्रति भी शिकायत पत्र के साथ दी है। रमौल के अनुसार यह मामला लेकर वह अधीक्षण अभियंता के कार्यालय भी गए। उन्हें एसडीओ से मिलने के लिए कहा गया। वह एसडीओ से मिले तो उन्होंने इसे ठीक करने की बात कही। अब 27 मई को फिर विभाग का कर्मचारी बिल लेकर आया और बोला कि यह मार्च 2021 तक कर बिल है। उनके अनुसार जब मीटर रीडिंग 90 बता रहा है। उन्होंने बताया कि बिल वर्तमान तिथि तक का देने की मांग की तो सहायक अभियंता ने इंकार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि बिल मनमर्जी से बनाए जाते हैं। उन्होंने कहा है कि बार-बार बिल में गलतियां हो रही हैं। लिहाजा, इसे दुरुस्त किया जाए। उधर, एसडीओ आशीष राणा ने कहा कि मामला उनके संज्ञान में है। इसकी जांच की जाएगी। यदि कुछ खामियां हैं तो उन्हें दुरुस्त किया जाएगा।