संवाद न्यूज एजेंसी
कफोटा (सिरमौर)। नेशनल हाईवे-707 के निर्माण और कटिंग के दौरान बरती गई लापरवाही अब स्थानीय जनता पर भारी पड़ रही है। शिल्ला जीरो प्वाइंट के पास भारी भूस्खलन होने के चलते टिटियाना-कोटापाब संपर्क मार्ग पूरी तरह बंद हो गया है। इसके कारण पाशी भोज समेत क्षेत्र की पांच पंचायतों का संपर्क दूसरे इलाकों से पूरी तरह कट गया है।
इस मार्ग के बंद होने से करीब 10 हजार की आबादी को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। ग्रामीणों में राष्ट्रीय राजमार्ग (एनएच) विभाग के खिलाफ गहरा आक्रोश है। ग्रामीणों का आरोप है कि एनएच-707 की कटिंग के दौरान विभाग ने शिल्ला के पास पुराने टिटियाना संपर्क मार्ग को पूरी तरह नष्ट कर दिया था। भारी विरोध के बाद विभाग ने इसके बदले एक वैकल्पिक सड़क का निर्माण तो किया, लेकिन उस पर सुरक्षा दीवारें (क्रैश बैरियर/रिटेनिंग वॉल) नहीं लगाईं।
नतीजा यह है कि हल्की बारिश में भी इस जगह पर पहाड़ी दरक जाती है और मलबा सड़क पर आ जाता है। टिटियाना के उपप्रधान दाताराम शर्मा, रमेश शर्मा, राजेंद्र शर्मा और जगदीश शर्मा ने बताया कि एनएच निर्माण के समय ग्रामीणों ने सड़क तोड़ने का कड़ा विरोध किया था। उस वक्त विभाग ने सुचारू वैकल्पिक मार्ग का आश्वासन दिया था। अब विभागीय काम में लगी निजी कंपनियां काम अधूरा छोड़कर भाग चुकी हैं, जिससे जनता की समस्या जस की तस बनी हुई है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि सड़क को जल्द स्थायी रूप से ठीक नहीं किया गया, तो वे एनएच विभाग के अधिकारियों का घेराव करेंगे।
उधर, एनएच विभाग के अधिशासी अभियंता राकेश खंडूजा ने बताया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए संबंधित एसडीओ को सड़क तुरंत दुरुस्त करने के निर्देश दे दिए गए हैं। मौके पर मशीनरी भेजकर जल्द से जल्द मार्ग को यातायात के लिए बहाल कर दिया जाएगा।-